खुदरा मुद्रास्फीति में तेज गिरावट के बाद अब थोक महंगाई भी जुलाई, 2024 में घटकर तीन महीने के निचले स्तर 2.04 फीसदी पर आ गई है। इससे पहले अप्रैल, 2024 में यह 1.19 फीसदी रही थी। खाने-पीने की वस्तुओं और खासकर सब्जियों की कीमतों में तेज गिरावट से थोक मूल्य सूचकांक (डब्ल्यूपीआई) महंगाई के मोर्चे पर राहत मिली है। इससे पहले जून तक थोक महंगाई में लगातार चार महीने वृद्धि देखने को मिली थी।
उद्योग एवं वाणिज्य मंत्रालय के बुधवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक, जुलाई में खाद्य महंगाई भी घटकर 3.45 फीसदी पर आ गई। जून में यह 10.87 फीसदी रही थी। खाद्य महंगाई घटने की प्रमुख वजह सब्जियों, अनाज, दालों और प्याज की कीमतों में मासिक आधार पर गिरावट रही। इससे पहले जून में थोक महंगाई बढ़कर 16 माह के उच्च स्तर 3.36 फीसदी पर पहुंच गई थी। जुलाई, 2023 में 1.23 फीसदी की गिरावट आई थी।
उपभोग मांग बढ़ने की उम्मीद
पीएचडी चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष संजीव अग्रवाल ने कहा, भविष्य में हम उम्मीद करते हैं कि थोक महंगाई में निरंतर नरमी से उत्पादन लागत में कमी आएगी। साथ ही, देश में उपभोग मांग बढ़ेगी।
मुख्य डब्ल्यूपीआई में लगातार पाचवें महीने बढ़ोतरी
वरिष्ठ अर्थशास्त्री, इक्रा राहुल अग्रवाल कहते हैं कि मुख्य (गैर-खाद्य विनिर्माण) थोक महंगाई में लगातार पांचवें महीने बढ़ोतरी देखने को मिली। यह जुलाई, 2024 में 1.2 फीसदी के साथ 17 महीने के उच्च स्तर पर पहुंच गई। थोक महंगाई में गिरावट खुदरा मुद्रास्फीति के आंकड़ों के अनुरूप रही, जो घटकर पांच साल के निचले स्तर पर आ गई।
सब्जी-प्याज समेत ये वस्तुएं सस्ती
| उत्पाद |
जून |
जुलाई |
| अनाज |
9.27 |
8.96 |
| धान |
12.07 |
10.98 |
| दाल |
21.64 |
20.27 |
| सब्जियां |
38.76 |
-8.93 |
| प्याज |
93.35 |
88.77 |
| तिलहन |
-3.33 |
-4.26 |
| खनिज |
9.59 |
6.59 |
| क्रूड पेट्रोलियम |
14.04 |
9.19 |
| सीमेंट-प्लास्टर |
-4.15 |
-5.46 |
| मूल धातु |
1.06 |
0.86 |
आलू-दूध-फल की महंगाई बढ़ी
| वस्तुएं |
जून |
जुलाई |
| गेहूं |
6.25 |
7.00 |
| आलू |
66.37 |
76.23 |
| फल |
10.14 |
15.62 |
| दूध |
3.37 |
4.55 |
| अंडा-मांस |
-3.06 |
-1.59 |
| ईंधन-बिजली |
1.03 |
1.72 |
| विनिर्मित उत्पाद |
1.43 |
1.58 |
| कपड़ा |
1.19 |
2.09 |
| दवाएं |
0.42 |
2.05 |