ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार कारोबारियों के लिए जल्द ही एक नई सुविधा को शुरू करने जा रही है। इससे कोई भी नया कारोबार शुरू करने के लिए व्यापारियों को केवल तीन दिन का समय लगेगा।
केंद्र सरकार के डिपार्टमेंट फॉर प्रमोशन ऑफ इंडस्ट्री एंड इंटरनल ट्रेड (डीपीआईआईटी) का मकसद है कि ईज ऑफ डूइंग के मामले में देश को टॉप 50 देशों के अंदर लेकर के आना है। इसके लिए विभाग एक सिंगल विंडो सिस्टम के प्रस्ताव पर काम कर रहा है। अगर यह सुविधा देश में शुरू हो जाती है तो फिर कारोबारी सुगमता में देश की रैंकिंग काफी बढ़ सकती है।
अब नए कारोबारियों के लिए पैन नंबर, टैक्स अकाउंट नंबर (टैन), जीएसटी रजिस्ट्रेशन, ईपीएफओ और ईएसआई जैसी जरूरी चीजों के लिए तीन दिन के अंदर रजिस्ट्रेशन का प्रोसेस पूरा हो जाएगा। इसके लिए सरकार जल्द ही सिंगल विंडो सिस्टम को शुरू करने जा रही है। अभी इनके लिए ही कारोबारियों का काफी समय बर्बाद हो जाता है। इसके लिए केंद्र सरकार और राज्यों के बीच एक पुल बनाने का काम शुरू होगा, जिससे इनके लिए कारोबारियों को किसी तरह की देरी न हो।
अगर देश को कारोबारी सुगमता में शीर्ष 50 देशों में अपनी जगह बनानी है तो फिर 27 पायदान की छलांग लगानी होगी। फिलहाल देश 77वें पायदान पर है। पिछले दो सालों में भारत इस मामले में 53 पायदान का उछाल ले चुका है। वहीं चीन 27 पायदान पीछे चला गया है। वर्ष 2014 में कारोबार सुगमता के मोर्चे पर भारत 142वें स्थान पर था, जबकि अब हम 77वें स्थान पर हैं। विश्व बैंक कारोबार सुगमता के मामले में सालाना 190 देशों की रैंकिंग करता है, ताकि दुनिया भर के निवेशकों को सही स्थिति का पता चल सके।