फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नीरव मोदी को बड़ा झटका: सीबीआई के शिकंजे में आया अहम सहयोगी, काहिरा से भारत लाया गया वापस

Tue, 12 Apr 2022 08:56 AM IST
संजीव कुमार झा बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

सीबीआई ने नीरव मोदी के अहम सहयोगी सुभाष शंकर को काहिरा से भारत वापस लाने में सफलता हासिल की है।
विज्ञापन
नीरव मोदी - फोटो : पीटीआई
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बैंक धोखाधड़ी मामले में भगोड़े कारोबारी नीरव मोदी को जहां बड़ा झटका लगा है वहीं सीबीआई को बड़ी सफलता हाथ लगी है। दरअसल, सीबीआई ने नीरव मोदी के अहम सहयोगी सुभाष शंकर को काहिरा से मुंबई वापस लाने में सफलता हासिल की है। सीबीआई उसे देश वापस लाने के लिए काफी लंबे वक्त से ऑपरेशन चला रही थी। जानकारी के मुताबिक 49 साल का सुभाष शंकर 2018 में नीरव मोदी के साथ भारत से भाग गया था। ये नीरव मोदी का सबसे करीबी सहयोगी माना जाता है। सीबीआई अब सुभाष की पेशी मुंबई कोर्ट में करवाकर अपनी कस्टडी में लेगी।

विज्ञापन


इंटरपोल ने जारी किया था नोटिस
साल 2018 में इंटरपोल ने पीएनबी बैंक घोटाले की जांच कर रही सीबीआई के अनुरोध पर नीरव मोदी, उसके भाई निशाल मोदी और उसके कर्मचारी सुभाष शंकर के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया था। इंटरपोल ने चार साल पहले मुंबई की एक विशेष अदालत में सीबीआई द्वारा दायर आरोपपत्र और वहां के विशेष न्यायाधीश जेसी जगदाले द्वारा जारी गिरफ्तारी वारंट के आधार पर रेड कॉर्नर नोटिस (आरसीएन) जारी किया था।

नीरव मोदी पर 7000 करोड़ रुपये के घोटाले का आरोप
बता दें कि नीरव मोदी ने पीएनबी से करीब 7000 करोड़ रुपये का घोटाला किया था। जिसके बाद वह विदेश भाग गया था। फिलहाल वह लंदन की एक जेल में है। भारत सरकार उसे वापस लाने की हर संभव कोशिश कर रही है।  नीरव मोदी ने 2017 में अपनी कंपनी फायरस्टार डायमंड के जरिए प्रतिष्ठित रिदम हाउस बिल्डिंग खरीदी थी। उसका प्लान इसे हेरिटेज प्रॉपर्टी में बदलने का था। माना जाता है कि उसने ज्यादातर संपत्तियां पीएनबी घोटाले से हासिल रकम से खरीदी थी।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें