2017 में नोटबंदी के बाद शुरू हुए 2000 और 500 रुपये के नए करेंसी नोटों के बाद भी नकली नोटों के परिचालन में किसी तरह का कोई कमी देखने को नहीं मिली थी। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के द्वारा जारी किए गए डाटा के अनुसार उस साल केवल दो हजार रुपये के 74898 के जाली नोट पकड़े गए। हालांकि सबसे ज्यादा संख्या बंद किए गए पुराने 500 रुपये के नोट की थी।
डाटा के अनुसार सबसे देश में उस वक्त सबसे ज्यादा 500 रुपये के नकली नोट पकड़े गए थे। पूरे देश से कुल 1,02,815 करेंसी नोट 500 रुपये के पकड़े गए थे। दूसरे स्थान पर 100 रुपये के नोट की संख्या थी। इसके कुल 92,778 नकली नोट पकड़े गए थे। इसके बाद तीसरे स्थान पर दो हजार के नोटों की संख्या है। इसके कुल 74,898 नकली नोट पकड़े गए थे। चौथे स्थान पर नोटबंदी के समय बंद हुआ 1000 रुपये का नोट है। इसके कुल 65,371 नकली नोट पकड़े गए थे।
डाटा के अनुसार केंद्र शासित प्रदेशों में से केवल दिल्ली में ही नकली नोट पकड़े गए थे। अन्य जगह पर किसी तरह का कोई नकली नोट नहीं पकड़ा गया था। दिल्ली में 1000 रुपये के कुल 40363, पुराना 500 रुपये के कुल 35,618, 100 रुपये के कुल 28468 और दो हजार रुपये के 3385 नकली नोट पकड़े गए थे। दिल्ली के अलावा अन्य केंद्र शासित प्रदेशों में आंकड़ा शून्य रहा था।
अगर छोटे नोटों की बात करें तो पुलिस और अन्य एजेंसियों ने एक रुपये से लेकर के 50 रुपये तक के नकली नोट भी बरामद किए थे। पूरे देश में उस साल कुल 28,10,19,294 की जाली मुद्रा जब्त की गई थी।