हाउसिंग फाइनेंस डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (एचडीएफसी लि.) ने दो नई- ग्रीन और सस्टेनेबल सावधि जमा (एफडी) योजना शुरू की हैं। इन पर आम निवेशकों को 6.55% और वरिष्ठ नागरिकों को 6.80 फीसदी ब्याज मिलेगा। निवेश तीन से 10 साल तक होगा। इन योजनाओं में निवेश ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से भी किया जा सकता है।
कंपनी के अनुसार इन जमा योजनाओं से मिलने वाली राशि को जलवायु परिवर्तन से पर्यावरण की सुरक्षा वाली आवास योजनाओं के वित्त पोषण में लगाया जाएगा। इन योजनाओं में भारतीय और अनिवासी भारतीय दोनों निवेश कर सकेंगे। इन सावधि जमा योजनाओं की मियाद 36 से 120 महीने की होगी। दो करोड़ रुपये तक के जमा पर तक 6.55% का ब्याज मिलेगा। वरिष्ठ नागरिकों के लिए 6.80% का ब्याज मिलेगा। 50 लाख रुपये तक की एफडी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए की जाएगी। उस पर साल में 0.10 फीसदी अतिरिक्त ब्याज मिलेगा।
चेयरमैन दीपक पारेख ने बताया सस्टेनेबिलिटी का मतलब
कंपनी के चेयरमैन दीपक पारेख के अनुसार आज सस्टेनेबिलिटी यानी स्थायित्व का मतलब नुकसान कम होना नहीं बल्कि ज्यादा से ज्यादा अच्छा होना है। एचफडीएफसी ग्रीन सॉल्यूशंस की मांग को बढ़ते हुए देख रही है। ये योजनाएं बदलती जरूरतों को पूरा करेंगी। हमारी कंपनी एक हरित, टिकाऊ और कम कार्बन उत्सर्जन वाली अर्थव्यवस्था के लिए भारत के प्रयासों का समर्थन करने की दिशा में प्रतिबद्ध है। वहीं एचडीएफसी की प्रबंध निदेशक रेणू सूद कर्नाड ने कहा कि जलवायु परिवर्तन से पर्यावरण की सुरक्षा करना समय की मांग है। हमने अपने पर्यावरण और सामाज के प्रति जिम्मेदारी को बढ़ाया है। ज्यादा से ज्यादा हरित आवासों के वित्त पोषण के लिए हम लगातार काम कर रहे हैं।
हरित आवासों के लिए 19,665 करोड़ रुपये का कर्ज
क्रिसिल और इक्रा की ओर से एचडीएफसी लि. को 27 सालों से ट्रिपल ए रेटिंग मिल रही है। कंपनी अब हरित आवास योजनाओं को बढ़ावा दे रही है। 31 मार्च 2021 तक 19,665 करोड़ रुपये का कर्ज हरित आवास परियोजनाओं के लिए दिया जा चुका है। इससे 47,819 परिवार लाभांवित हुए हैं।