वित्त मंत्री अरुण जेटली जीएसटी लागू होने के बाद पहला बजट 1 फरवरी को पेश कर सकते हैं। एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने कहा कि राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद के दोनों सदनों के संयुक्त सत्र को संबोधन के साथ ही संसद का बजट सत्र अगले साल 30 जनवरी को शुरू होगा।
अधिकारी ने कहा देश की अर्थव्यवस्था का विस्तृत विवरण पेश करने वाले आर्थिक सर्वे के 31 जनवरी को सदन में पेश होने की उम्मीद है। इसके एक दिन बाद केंद्रीय बजट पेश किया जाएगा। औपनिवेशिक युग की परंपरा को खत्म करते हुए केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली ने इस साल 1 फरवरी को बजट पेश किया था।
पहले फरवरी के अंत में बजट पेश किया जाता था। बजट पेश करने को इस लिए पहले किया गया जिससे कि नए वित्त वर्ष से इसके प्रस्तावों को को लागू करना सुनिश्चित किया जा सके। इसके साथ ही करीब सौ साल पुरानी अलग से रेल बजट पेश करने की परंपरा को भी खत्म किया गया।
रेल बजट को आम बजट में ही मिला दिया गया। 2019 के आम चुनावों से पहले केंद्रीय बजट 2018-19 भाजपा नीत एनडीए सरकार का अंतिम पूर्ण बजट होगा।