सार
Gopalganj Lok Sabha: गोपालगंज लोकसभा क्षेत्र से अब तक आधी आबादी यानी महिलाओं को प्रतिनिधित्व का माैका नहीं मिला है। लोकसभा चुनाव में आधी आबादी कई बार मैदान में किस्मत आजमाने उतरीं, लेकिन जीत नसीब नही हो पाई। कई बार राजनीतिक दलों ने भी उन्हें टिकट दिया। इसके बावजूद महिलाएं जीत दर्ज नहीं कर सकीं।
जिले की विधानसभा सीटों की बात करें तो छह विस क्षेत्रों में से चार सीटों पर कभी भी महिला प्रत्याशी को जीत नहीं मिली है। इन विधानसभा सीटों में बैकुंठपुर, बरौली, भोरे (सुरक्षित), हथुआ सीटें शामिल रही हैं। गोपालगंज विधानसभा सीट इसका अपवाद रहा है। एक बार कटेया विधानसभा से किरण राय राजद के टिकट पर चुनाव में जीत दर्ज की थी। अब कटेया विधानसभा अस्तित्व में नहीं है। कटेया प्रखंड को भोरे विधानसभा में शामिल कर दिया गया।
गोपालगंज सदर विस सीट से चार बार महिलाओं को मौका
गोपालगंज सदर विधानसभा सीट से चार बार महिलाओं को जनता ने मौका दिया है। आंकड़े बताते हैं कि वर्ष 1969 में हुए विधानसभा के चुनाव में कांग्रेस की रामदुलारी सिन्हा निर्वाचित घोषित की गई थीं। उन्होंने जनसंघ के कमला प्रसाद सिंह को हराया।1971 में हुए विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के टिकट पर रामदुलारी सिन्हा दोबारा विधानसभा की सदस्य निर्वाचित हुईं। उन्होंने नागेश्वर सिंह को हराया। 1977 में हुए विधानसभा चुनाव में जनता पार्टी के टिकट पर राधिका देवी निर्वाचित हुईं। उन्होंने निर्दलीय काली प्रसाद पाण्डेय को हराया। वहीं वर्ष 2022 में पूर्व मंत्री सह सदर विधायक रहे सुभाष सिंह के निधन के बाद हुए उपचुनाव में उनकी पत्नी कुसुम देवी भाजपा के टिकट पर विजयी हुईं। उन्होंने राजद के मोहन प्रसाद गुप्ता को हराया।
2014 के लोकसभा चुनाव में ज्योति भारती को कांग्रेस ने बनाया था उम्मीदवार
गोपालगंज लोकसभा क्षेत्र के वर्ष 2014 के चुनाव में महिला प्रत्याशी उपविजेता रही थीं। तब भारतीय जनता पार्टी के जनक राम ने कांग्रेस की ज्योति भारती को 2,86,936 मतों के अंतर से पराजित किया। इस चुनाव में जनक राम को 4,78,773 तथा ज्योति भारती को 1,91,837 मत मिले थे। 2014 के बाद 2019 के लोकसभा चुनाव में भी महत्वपूर्ण दलों ने महिला को उम्मीदवार नहीं बनाया। इस बार 2024 के चुनाव में यह उम्मीद जताई जा रही थी की महागठबंधन के द्वारा कहीं महिला प्रत्याशी को गोपालगंज में अपना उम्मीदवार बनाया जाए लेकिन यह भी प्रयास असफल रहा। महागठबंधन ने इस चुनाव में गोपालगंज सीट पर प्रेमनाथ चंचल को अपना उम्मीदवार बनाया है। वहीं एनडीए अपने निवर्तमान सांसद डॉक्टर आलोक कुमार सुमन पर ही भरोसा जताया है।