तेजस्वी यादव ने गुरुवार को कहा कि उनकी (तारकिशोर प्रसाद की) बहू और साला कुछ कंपनियों के निदेशक हैं। पीएचईडी (जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग) के दिशानिर्देश कहते हैं कि कंपनी को सरकारी कार्यों का अनुभव होना चाहिए। उनकी कंपनी के पास इस तरह का कोई अनुभव नहीं है।
वहीं, उप मुख्यमंत्री ने तेजस्वी के इस बयान पर जवाब देते हुए सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। प्रसाद ने कहा, 'वो कहते हैं कि मेरी बहू और साला एक संगठन (योजना से शामिल) से संबंधित हैं, मेरे दामाद पर भी आरोप लगाए। मेरे परिवार का कोई भी सदस्य इससे किसी तरह का कोई संबंध नहीं रखता है।'
इससे पहले बुधवार को तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया था कि उप मुख्यमंत्री तारकिशोर प्रसाद के परिजनों को करोड़ों रुपये के ठेके दिए गए हैं। उन्होंने कहा था कि ये ठेके राज्य के हर घर में टंकी का पानी पहुंचाने के लिए शुरू की गई 'हर घर नल का जल' योजना के तहत दिए गए हैं।
तेजस्वी ने इसकी जांच की मांग करते हुए कहा था कि प्रसाद के मंत्रालय की भी जांच की जानी चाहिए। जदयू (जनता दल यूनाइटेड) से संबंध रखने वाले कई लोगों को 'सात निश्चय' के तहत कई योजनाओं में ठेके मिले हैं। उन्होंने कहा था कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को अपनी अंतरात्मा जगानी चाहिए।