बिहार के सीवान और अन्य जगहों पर जहरीली शराब मामले में रक्सौल पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है।जहरीली शराब निर्माण में रक्सौल से स्प्रिट की आपूर्ति का खुलासा हुआ है और इस खुलासे के बाद एसडीपीओ धीरेन्द्र कुमार के नेतृत्व में गठित एसआईटी ने ट्रांसपोर्ट कम्पनी में छापेमारी के अनुसार ये ट्रांसपोर्ट के आड़ में स्प्रिट की तस्करी करते थे। स्प्रिट को बिहार के अन्य जगहों में भेजा जाता था, जिससे शराब का उत्पादन किया जाता था।
रक्सौल में आबकारी पुलिस और जिला पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में स्प्रिट के साथ पांच तस्करों को गिरफ्तार किया है। बता दें कि पुलिस ने तुरकौलिया थाना क्षेत्र के शंकर सरैया के पास एक पिकअप से एक हजार लीटर स्प्रिट के साथ एक तस्कर को गिरफ्तार किया था। इससे पूछताछ पर पता चला कि यह स्प्रिट रक्सौल से लाई जा रही थी। इसकी सूचना पर एसपी स्वर्ण प्रभात ने रक्सौल एसडीपीओ धीरेंद्र कुमार कें नेतृत्व में एसआईटी टीम का गठन कर छापेमारी शुरू कर दिया गया।भरतिया कालोनी स्थित आईपी रोड लाइन ट्रांसपोर्ट ऑफिस में छापेमारी की गई। इस दौरान वहां से चार हजार लीटर स्प्रिट बरामद किया गया। जांच में पता चला कि ट्रांसपोर्ट में मशीनरी और पेंट की आड़ में यहां स्प्रिट की तस्करी की जा रही है।
इस मामले में पुलिस ने उक्त ट्रांसपोर्ट के मैनेजर अवधेश कुमार श्रीवास्तव, मनोज कुमार कुशवाहा, संतोष कुमार, मुकेश कुमार व शिव जी सिंह शामिल हैं। एसपी स्वर्ण प्रभात ने बताया कि ट्रांसपोर्ट की आड़ में स्प्रिट की तस्करी की जा रही थी। इसको लेकर जांच की जा रही है। इसमें अन्य शामिल लोगों की भी पहचान की जा रही है। उन्होंने बताया कि जिले के सभी ट्रांसपोर्ट में जांच किया जाएगा। साथ ही एसआईटी की टीम का गठन किया गया है। इसमें डीआईओ की टीम को भी शामिल किया गया है।