बिहार के बक्सर में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इस बार साम्प्रदायिक कार्ड खेलते हुए लालू और नीतीश के साथ ही सोनिया गांधी और अन्य दलों पर जोरदार हमला किया।
मोदी ने आरोप लगाया कि दलितों, महादलितों और पिछड़ों के आरक्षण में से पांच फीसदी काटकर दूसरे सम्प्रदायों को देने की साजिश की जा रही है। इसमें कई अन्य राजनीतिक दल भी इन लोगों का साथ दे रहे हैं।
आरक्षण के मुद्दे पर बिहार में लालू और नीतीश के निशाने पर बनी हुई भाजपा की ओर से मोदी ने पलटवार करते हुए कहा कि इस संवेदनशील मुद्दे पर लगातार बिहार के लोगों को बहकाया जा रहा है।
आरक्षण के बहाने ही मोदी ने नीतीश-लालू पर एक और तीर चलते हुए कहा कि इन दोनों नेताओं के दल महिला विरोधी हैं। यही कारण है कि संसद में महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण देने की बात चली थी तब ये सबसे पहले विरोध करने वालों में से थे।
नीतीश के कम्प्यूटर में चिपका है लालू वायरस
मोदी ने नीतीश कुमार के विकास के दावों की धज्जियां उड़ाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री बिहार के युवाओं को कम्प्यूटर देने की बात करते हैं लेकिन जब बिजली ही नहीं होगी तो कम्प्यूटर चलाओगे कैसे। मोदी ने तंज कसा कि जिस कम्प्यूटर की बात नीतीश करते हैं उसमें तो लालू वायरस चिपका हुआ है।
इसी लालू वायरस के कारण तो बिहार में जंगलराज कायम है। इसी वायरस से तो महिलाओं का उत्पीड़न और अपहरण जैसी घटनाएं निकल रही हैं। लोगों को दोबारा जंगलराज नहीं चाहिए।
किसानों की समस्याओं को उठाते हुए कहा कि बिहार की नदियों में पानी की कोई कमी नहीं है लेकिन वह गरीब किसान को नहीं मिल पाता। लालू-नीतीश के गठबंधन को महास्वार्थबंधन कहते हुए बोले इनके दलों के विधायक और मंत्री रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़े जा रहे हैं ये लोग चुनावों से पहले ही बिहार की बोली लगाने लगे हैं लेकिन लालू और नीतीश को इससे कोई फर्क नहीं पड़ता।
बिहार के लिए छह सूत्रीय एजेंडा
प्रधानमंत्री ने कहा बिहार के लिए उनका छह सूत्रीय एजेंडा है जिससे इस राज्य का विकास हो सकता है। तीन सूत्रीय राज्य के लिए और तीन सूत्रीय राज्य के लोगों के लिए। राज्य के लिए है बिजली पानी और सड़क। अगर बिजली होगी तो यहां उद्योग लगेंगे जिससे युवाओं को रोजगार मिल सकेगा।
पानी होगा तो यहां का किसान खेतों से सोना पैदा कर सकेगा और सड़कें अच्छी होंगी तो लोगों का जीवन स्तर सुधर जाएगा। जबकि बिहार के परिवारों के लिए तीन सूत्रीय एजेंडा है पढ़ाई, कमाई और दवाई।
युवाओं को अच्छी पढ़ाई मिलेगी तो वो तरक्की कर सकेंगे। कमाई के साधन होंगे तो बिहार के युवा को नौकरी या पैसा कमाने के लिए बिहार से बाहर नहीं जाना होगा और दवाई मिलेगी तो लोगों का बेहतर इलाज हो सकेगा।
उन्होंने एक बार फिर नीतीश पर तंज कसते हुए कहा कि बिहार को तंत्र मंत्र की नहीं लोकतंत्र की सरकार चाहिए। बता दें कि बक्सर जिल में चार विधानसभा सीटें हैं जिनमें दो भाजपा और दो जेडीयू के पास हैं।