सीतामढ़ी जिले के भारत-नेपाल बॉर्डर पर एक बार फिर एक विदेशी नागरिक को हिरासत में लिया गया है, जिससे एसएसबी की टीम पूछताछ कर रही है। एसएसबी की 51वीं बटालियन का कहना है कि सीमा पर गश्ती की जा रही थी। इसी क्रम में इसको गिरफ्तार किया गया है। स्वीडियन नागरिक को कैंप पर लाकर उससे पूछताछ की जा रही है। उसके पास अमेरिकी दस्तावेज और सूडानी पासपोर्ट हैं लेकिन उसकी भाषा और उसके पास उपलब्ध कागजात मेल नहीं खा रहे हैं।
गश्ती के दौरान हुआ गिरफ्तार
इस संबंध में एसएसबी कंपनी कमांडेंट हिमांशु राठौर का कहना है कि गश्ती के दौरान विदेशी नागरिक को नेपाल से भारतीय क्षेत्र में प्रवेश के दौरान रोका गया। उससे पूछताछ की गयी। लेकिन उसने कोई सही जानकारी नहीं दी। साथ ही भारत में प्रवेश को लेकर उसके पास कोई वैध कागजात भी नहीं थे। उससे पूछे जाने के बाद जब कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला तब उसे हिरासत में ले लिए गया। फिलहाल उस संदिग्ध व्यक्ति से अन्य एजेंसी और सीतामढ़ी पुलिस उससे पूछताछ कर रही है।
खुद को बताया सूडान निवासी
कड़ी पूछताछ में उसने अपनी पहचान सूडान देश के खेतराम राज्य के बहरी जिला निवासी नासिर बुराई मूसा अब्बास के रूप में बताया है। एसएसबी कमांडेंट ने बताया कि भाषा से यह प्रतीत होता है कि वह किसी अन्य देश का नागरिक है। हालांकि उसके पास से सूडान का कागजात बरामद किया गया है और पूछताछ के दौरान उसने सूडान का नाम ही लिया है।
पत्नी से भी हो रही पूछताछ
जांच एजेंसियों के द्वारा पकड़े गए विदेशी के कागजातों की जांच की जा रही है। जानकारी के मुताबिक हिरासत में लिए गये विदेशी स्वीडियन की पत्नी को नेपाल के सर्लाही जिला स्थित त्रिभुवन में नगर प्रहरी हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। हालांकि, अबतक दोनो जगहों से कोई ठोस जानकारी उपलब्ध नहीं हो पाई है।
यह हुआ बरामद
भारत-नेपाल सीमा पर गिरफ्तार सुडानीस नागरिक के पास से USA का ट्रेवल डॉक्यूमेंट, सूडानी पासपोर्ट और सैमसंग का मोबाइल बरामद किया गया है। लेकिन इसके बावजूद पुलिस उसके जवाब और उसके पास बरामद किए गये कागजात से संतुष्ट नहीं हो रही है।
पूर्व भी होती रही हैं गिरफ्तारियां
इससे पहले भी इस तरह के घुसपैठ भारत में प्रवेश करते रहे हैं। सीतामढ़ी जिले के सटे सोनबरसा व भिठ्ठामोड़ बॉर्डर पर इससे पूर्व भी कई बार विदेशी नागरिक पकड़े गए हैं, जिसमें पाकिस्तानी, चीनी, नाइजेरियर, उज्बेकिस्तानी और केजिबस्तानी सहित कई अन्य देशों के लोग बिना वैध कागजात के भारत में प्रवेश के दौरान पकड़े गए है।