जहानाबाद पहुंचे उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग के मंत्री रत्नेश सदा ने चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रशांत किशोर क्या कहते हैं, वह खुद ही बताएं। उनके यहां जब गरीब दलित वर्ग के लोग जाते हैं तो दरवाजा पर बैठने नहीं देते हैं। मुख्यमंत्री बनने का ख्वाब लेकर इन दिनों यात्रा पर निकले हुए हैं, लेकिन गरीबों के पास रुकना भी मुनासिब नहीं समझते हैं।
मंत्री रत्नेश सदा ने कहा कि प्रशांत किशोर का कहना है कि मेरी सरकार अगर बिहार में बनी तो शराबबंदी खत्म कर देंगे। उनके इस बयान पर महिलाओं ने करारा जवाब देते हुए तमाचा मार दिया और मुंह पर कालिख पोत दी है। महिलाओं ने कहा है कि बिहार में शराबबंदी कानून लागू होने से कई घर बर्बाद होने से बच गए हैं। जो लोग शराब छोड़कर मुख्य धारा से जुड़े हैं, उनके बाल-बच्चों का पठन-पाठन सही ढंग से चल रहा है, उनके परिवार में खुशहाली है।
मंत्री रत्नेश सदा ने केंद्रीय मंत्री एवं पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी के उस बयान पर वक्तव्य दिया। उन्होंने कहा कि जीतन राम मांझी शराबबंदी पर बोलते हैं कि बड़े अफसर और बड़े लोग शराब का सेवन प्रतिदिन अपने आवास पर करते हैं। हम कहना चाहते हैं कि कोई अपने घर के अंदर क्या करता है, उससे मुझे कोई लेना-देना नहीं है। वैसे मध्य निषेध विभाग के अधिकारियों को अगर जानकारी मिलती है कि घर के अंदर शराब पी रहे हैं तो विभाग के अधिकारी निश्चित रूप से कार्रवाई करते हैं।
दरअसल, मंत्री रत्नेश सदा जहानाबाद में एक जागरूकता कार्यक्रम में भाग लेने के लिए पहुंचे थे। इस मौके पर उपस्थित लोगों ने मंत्री का जोरदार स्वागत किया।