Bihar : अपने भाई के अपहरण होने की जानकारी पुलिस को दी। साथ ही साथ उसने अपने भाई का लोकेशन भी बताया। उस लोकेशन पर जब पुलिस पहुंची तो बाहर मानवाधिकार कार्यालय का बोर्ड लगा था, लेकिन जब अंदर घुसी तो सन्न रह गई।
एक व्यक्ति ने वरीय पुलिस अधीक्षक से गुहार लगाई कि उसके भाई का अपहरण कर लिया गया है। उसे छोड़ने के एवज में फिरौती के रूप में चार लाख रुपये की मांग की गई है। साथ ही शिकायतकर्ता ने पुलिस को यह भी बताया कि उसके भाई का लोकेशन गया शहर के रामपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत एलआईसी ऑफिस के आस-पास बता रहा है। पुलिस ने बिना देर किये उस क्षेत्र की घेराबंदी की और एलआईसी ऑफिस के पास एक मकान में छापेमारी कर दी।
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मानवाधिकार कार्यालय का बोर्ड लगे मकान से हो रहा था अपहरण का खेल
पुलिस ने जिस मकान पर छापेमारी की उस मकान पर मानवाधिकार कार्यालय का बोर्ड लगा था। लेकिन जैसे ही पुलिस उस मकान में घुसी वहां से लोग भागने लगे, जिनमें से एक इंद्रजीत कुमार को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने वहां से घायल अवस्था में अपहृत व्यक्ति सुनील कुमार को भी बरामद कर लिया गया। उस घर से पुलिस को हथियार, शराब की बोतलें और कई आपत्तिजनक दस्तावेज भी मिले हैं। अपहृत व्यक्ति सुनील कुमार गया जिले के अतरी थाना क्षेत्र के डुमरी गांव का रहने वाला है, जो हजारीबाग में रहकर नौकरी करता था। उन्होंने बताया कि इस मामले में कुल आठ लोगों को नामजद किया गया है, बाकी सात लोगों की तलाश पुलिस कर रही है। पुलिस का कहना है कि गिरफ्तार अपहरणकर्ता झारखंड का रहने वाला है।
पुलिस ने की कार्रवाई
घटना के संबंध में गया सिटी एसपी प्रेरणा कुमार ने बताया कि आज वरीय पुलिस अधीक्षक से मिलकर एक व्यक्ति ने अपने भाई का अपहरण कर लिए जाने और फिरौती के रूप में चार लाख रुपए मांगे जाने की शिकायत की थी। पुलिस अधीक्षक ने त्वरित संज्ञान लेते हुए रामपुर थाना को निर्देशित किया और अपहृत युवक को सकुशल बरामद किया। पुलिस ने इस मामले में कुल आठ लोगों को नामजद किया, बाकी सात लोगों की तलाश पुलिस कर रही है।