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Bihar : फूटा STET का गुस्सा, राजभवन से पहले गांधीजी के पास बैठ बोले- स्कूलों में टीचर नहीं, भटक रहे क्वालिफाइड

Sun, 05 Mar 2023 04:09 PM IST
आदित्य आनंद न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

Bihar: CTET-STET पास अभ्यर्थी शिक्षा बचाओ आंदोलन पर हैं। रविवार दोपहर सैकड़ों अभ्यर्थी पटना पहुंचे। गांधी मूर्ति पर माल्यार्पण किया। अभ्यर्थियों ने बहाली की मांग लेकर बिहार सरकार के विरोध में नारेबाजी की। 
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सड़क पर उतरे शिक्षक अभ्यर्थी। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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CTET-STET पास अभ्यर्थी शिक्षा बचाओ आंदोलन पर हैं। रविवार दोपहर सैकड़ों अभ्यर्थी पटना पहुंचे। सोमवार को यह लोग राजभवन मार्च करेंगे लेकिन इससे पहले आज गांधी मूर्ति पर माल्यार्पण किया। अभ्यर्थियों ने बहाली की मांग लेकर बिहार सरकार के विरोध में नारेबाजी की। अभ्यर्थियों का कहना है कि बिहार के सरकारी स्कूलों में शिक्षक नहीं हैं। हमलोग क्वालीफाई होकर बैठे हैं लेकिन सरकार हमलोगों को नौकरी नहीं दे रहे। अब तक हमलोगों की बहाली नहीं हो जाती है तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा।

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गांधी मूर्ति के हंगामा करते शिक्षक अभ्यर्थी। - फोटो : अमर उजाला
160 किलोमीटर की दूरी तय कर पटना पहुंचे
इनका कहना है कि यह सभी STET-19 पास पास हैं। 160 किलोमीटर की दूरी तय कर हमलोग चंपारण से पटना पहुंचे हैं। बिहार सरकार से हमलोगों की बस यही मांग है कि "डिग्री लाओ नौकरी पाओ" का सिस्टम बंद हो जाए। राज्य में गुणवत्तापूर्ण शिक्षण प्रणाली सिस्टम लागू हो। इस पैदल यात्रा के दौरान हमने कई विद्यालयों में देखा है कि कई विद्यालयों में शिक्षक की कमी है। 

STET पास अभ्यर्थी ने नौकरी देने की मांग की। - फोटो : अमर उजाला
सरकारी स्कूल में योग्य शिक्षक मिल सके, इसलिए पैदल मार्च
शिक्षक अभ्यर्थियों का कहना है कि हम लोग घर मकान और दुकान मांगे नहीं आए हैं। हम लोग केवल वही मांग रहे जो कि आपने भी विज्ञापन में निकाला था। STET 2019 के लिए जो घोषण की गई थी, उसी के आधार पर हमलोग की बहाली कर दीजिए। हम लोगों की बस यही मांग है। हम लोग पैदल मार्च केवल इसीलिए कर रहे हैं कि बिहार में सभी सरकारी स्कूल में योग्य शिक्षक मिल सके आज बिहार के सभी स्कूलों में शिक्षकों की कमी है। 
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STET 19 पास अभ्यर्थी ने की नौकरी देने की मांग। - फोटो : अमर उजाला
क्वालिटी होने के बावजूद हमलोग धूल फांक रहे हैं
एक अन्य शिक्षक अभ्यर्थी ने कहा कि क्वालिटी होने के बावजूद हम लोग आज सड़क पर धूल फांक रहे हैं। अभी हम लोगों को गरीब किसान और मजदूर के बच्चों को पढ़ाना चाहिए था। हम लोग आज आंदोलन कर रहे है। हमारे मां-बाप लगातार परेशान हैं। घर बुलाने की जिद कर रहे हैं लेकिन हम लोग आज पटना में नौकरी के लिए संघर्ष कर रहे हैं। 4 साल बीत जाने के बावजूद हम लोगों को नौकरी नहीं मिल पाई है। हम लोग मानसिक, आर्थिक और शारीरिक रूप से परेशान हो चुके हैं।

साल बीत गया अब तक नौकरी नहीं मिल पाई
शिक्षक अभ्यर्थियों का कहना है कि तेजस्वी यादव जी ने जो 10 लाख रोजगार का वादा किया था। उससे पहले का हम लोगों का नोटिफिकेशन जारी हुआ है। लेकिन, अब तक हम लोगों को नौकरी नहीं मिल पाई। जब हम लोग सरकार को अपना वादा याद दिलाने गए हैं तो कहते हैं कि थोड़ा सा और इंतजार कीजिए। जल्द नौकरी मिलेगी लेकिन 4 साल बीत गया अब तक नौकरी नहीं मिल पाई है। आप सत्ता का मजा ले रहे हैं और हम लोग सड़क पर संघर्ष कर रहे हैं। हमलोगों के साथ पिछली सरकार ने भी छलावा किया और वर्तमान सरकार भी छलावा कर रही है।
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