Bihar Police : दिनदहाड़े अपराधियों ने निलेश मुखिया को गोलियों से भून डाला था। परिजनों के द्वारा काफी दवाब पर पुलिस ने 259 दिन के बाद उन तीन नामजद आरोपियों में से एक को झारखण्ड से दबोचा है। बाकी के दो मुख्य आरोपी अब तक पुलिस के गिरफ्त से बाहर हैं।
पटना के चर्चित नीलेश मुखिया हत्याकांड के नामजद अभियुक्त गोरख राय को पुलिस ने झारखंड से दबोच लिया है। इस हत्या में शामिल दो अन्य नामजद आरोपी पप्पू राय और धप्पू राय अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। पुलिस का कहना है कि बहुत जल्द ये दोनों भी पुलिस की गिरफ्त में होंगे। पुलिस ने चर्चित नीलेश मुखिया हत्याकांड में अबतक शूटर समेत 9 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है।
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वर्चस्व जमाने के लिए करवाई गई थी नीलेश मुखिया की हत्या
इस संबंध में जानकारी देते हुए पटना सिटी एसपी वैभव शर्मा का कहना है कि पुलिस ने चर्चित नीलेश मुखिया हत्याकांड में अबतक शूटर समेत 9 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। गिरफ्तार किए गये अजय राय उर्फ विशाल कुमार से कड़ी पूछताछ के दौरान उसने बताया कि नीलेश मुखिया हत्या का षड्यंत्र करने वाला मुख्यरूप से पप्पू, धप्पू और गोरख राय थे। निलेश मुखिया की हत्या कराने के लिए इन लोगों ने ही 25 लाख रुपए की सुपारी दी थी। इसी मामले में गोरख राय को पुलिस ने झारखण्ड के लोहरदगा जिले से गिरफ्तार किया है। पटना सिटी एसपी वैभव शर्मा ने बताया कि पुलिस के द्वारा कड़ी पूछताछ के दौरान गोरख राय ने निलेश मुखिया हत्याकांड में अपनी संलिप्तता स्वीकार की। गोरख ने बताया कि विगत 8-10 सालों से दोनों के बीच वर्चस्व की लड़ाई चल रही थी, जिसमें नीलेश मुखिया इनलोगों पर भारी पड़ रहा था।