मिली जानकारी के अनुसार मृतक प्रभू उरांव को अचानक हिचकी आने के बाद उनकी मौत हो गई। इस घटना से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। परिजन बताते है कि प्रभू उरांव सात दिन पहले अपने घर आया था। मंगलवार को अपने ड्यूटी पर सिवान जाने वाला था, लेकिन ,तभी उसकी अचानक मौत हो गई है।
दरअसल, प्रभु उराव अपने परिवार के साथ भरतापुर में रहते थे और सीआरपीएफ में अपनी सेवा दे रहे थे। उनके अचानक चले जाने से परिवार और सहयोगियों के लिए यह एक बहुत बड़ा आघात है। परिजनों ने बताया कि प्रभु पूरी तरह से स्वस्थ थे और अचानक हिचकी आने के बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई और उन्होंने दम तोड़ दिया। ग्रामीणों ने बताया कि प्रभु की ईमानदारी और सेवा भावना को याद करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी गई। प्रभु उराव की अंतिम यात्रा में सैकड़ों ग्रामीण शामिल हुए और उन्होंने उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की गई। अचानक निधन ने सभी को झकझोर कर रख दिया है।
इधर घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची लौकरिया थाना की पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। थानाध्यक्ष अमन कुमार सिंह ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है।