मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी एचआर श्रीनिवास ने चौथे चरण के मतदान की जानकारी दी।
- फोटो : सोशल मीडिया।
बिहार में चौथे चरण की पांच सीटों पर मतदान का समापन हो गया। तीसरे चरण तुलना में इस बार मतदान का प्रतिशत कम रहा। हालांकि, 2019 में हुए इन पांचों सीटों पर हुए मतदान से तुलना करें तो इस बार करीब 2.33 प्रतिशत कम मतदान हुआ। पिछली बार 59.20 प्रतिशत मतदान हुआ था। इस बार 56.85 प्रतिशत हुआ। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी एचआर श्रीनिवास के अनुसार, सबसे अधिक फिर से बेगूसराय में 58.40 प्रतिशत मतदान हुआ है। सबसे कम मुंगेर में 55.00 प्रतिशत मतदान हुआ। वहीं दरभंगा में 56.63 प्रतिशत, समस्तीपुर में 58.10 प्रतिशत और उजियारपुर में 56.00 प्रतिशत मतदान हुआ है। कुछ 56.85 प्रतिशत मतदान हुआ। पिछली बार यानी 2019 के लोकसभा चुनाव में कुल मतदान का प्रतिशत 59.20 था।
पीठासीन अधिकारी की मौत
वहीं, मुंगेर में पीठासीन पदाधिकारी की मतदान ड्यूटी के दौरान हार्ट अटैक मौत हो गई। निर्वाचन आयोग के अनुसार, तीसरे चरण के निर्वाचन में रिजर्व सहित कुल 11, 331 कंट्रोल यूनिट, 11, 370 बैलेट यूनिट तथा 12, 529 वीवीपैट का उपयोग हुआ है, जिसमें 49 कंट्रोल यूनिट, 45 बैलेट यूनिट तथा 57 वीवीपैट मॉक पोल के दौरान बदले गये हैं। 18 कंट्रोल यूनिट, 18 बैलेट यूनिट तथा 114 वीवीपैट मॉक पोल के पश्चात बदले गये हैं।
80 लाख कैश जांच अभियान के दौरान जब्त
निर्वाचन आयोग के अनुसार, चौथे चरण की पांच लोकसभा सीटों पर कुल 55 अभ्यर्थी चुनावी मैदान में उतरे। इसमें पुरुष अभ्यर्थियों की संख्या 51 तथा महिला अभ्यर्थियों की संख्या 04 है। चौथे चरण में कुल सामान्य निर्वाचकों की संख्या 95, 83, 662 है, जिसमें पुरुषों की संख्या 50, 49, 656 तथा महिलाओं की संख्या 45, 33, 813 तथा थर्ड जेंडर की संख्या 193 है। तीसरे चरण के पांच संसदीय निर्वाचन क्षेत्रों में कार्यरत फ्लाइंग स्क्वायड और पुलिसकर्मियों द्वारा जांच अभियान के दौरान 1.39 लाख नकद जब्त किया गया। वहीं कुल 1, 35, 970 लीटर शराब जब्त किया गया है। इसका मूल्य लगभग 4.98 करोड़ हैं।