बिहार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि एग्रीवोल्टाइक्स तकनीक राज्य के किसानों के लिए लाभकारी साबित हो सकती है। इससे खेती के साथ सौर ऊर्जा का उत्पादन कर किसानों की अतिरिक्त आय बढ़ाई जा सकती है।
बिहार जैसे कृषि प्रधान राज्य के लिए एग्रीवोल्टाइक्स यानी कृषि भूमि पर खेती के साथ सौर ऊर्जा उत्पादन की तकनीक अत्यंत लाभकारी साबित हो सकती है। इससे कृषि भूमि का बेहतर उपयोग करने के साथ किसानों को अतिरिक्त आय के अवसर मिलेंगे और स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन को भी बढ़ावा मिलेगा।
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ग्लोबल साउथ के विकास और हरित भविष्य के निर्माण के लिए सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है। ये बातें राज्य के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में आयोजित एग्रीवोल्टाइक्स वर्ल्ड कॉन्फ्रेंस-2026 में कही है।
पावरिंग द ग्लोबल साउथ विषय पर आयोजित इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में विभिन्न देशों के नीति-निर्माताओं, कृषि वैज्ञानिकों और ऊर्जा विशेषज्ञों ने भाग लिया। सम्मेलन में कृषि के साथ सौर ऊर्जा उत्पादन की संभावनाओं, आधुनिक तकनीकों और किसानों की आय बढ़ाने के व्यावहारिक उपायों पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया।
इसमें कृषि मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन तथा केंद्रीय नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री प्रल्हाद जोशी और केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में भारत पारंपरिक खेती को आधुनिक तकनीक से जोड़कर अन्नदाता को ऊर्जादाता बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। एक ही भूमि पर खाद्यान्न उत्पादन के साथ सौर ऊर्जा का उत्पादन न केवल कॉर्बन उत्सर्जन कम करने में सहायक है, बल्कि किसानों के लिए अतिरिक्त आय और आर्थिक आत्मनिर्भरता का मजबूत आधार भी बन सकता है।