पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन पर चलाए गए रेस्क्यू ऑपरेशन में बिहार से लाए गए करीब 80 बच्चों को छुड़ाया गया है।
पुलिस को ये खबर पहले से थी कि कुछ बच्चों को बिहार से दिल्ली लाया जा रहा है। दिल्ली कमीशन फॉर प्रोटेक्शन ऑफ चाइल्ड राइट्स (डीसीपीसीआर) ने बच्चों को छुड़ाने के लिए जाल बिछा दिया था।
पटना के कमीशन फॉर प्रोटेक्शन ऑफ चाइल्ड राइट्स से मिली सूचना पर डीसीपीसीआर ने 12 गैर सरकारी संगठनों को इसके लिए नियुक्त किया था।
पटना कमीशन के अनुसार, बेतिया से 10-11 बच्चे मंगलवार को सत्याग्रह एक्सप्रेस में सवार हो गए। इनके बुधवार को पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन पर उतरने की संभावना जताई गई थी।
इस संबंध में आयोग के एक सदस्य ने बताया कि मंगलवार दोपहर उन्हें बच्चों के गुम होने और ट्रेन में सवार होने की सूचना मिली। यह भी बताया गया कि बच्चों को किसी व्यक्ति द्वारा बहला-फुसलाकर लाया जा रहा है। इसके लिए बुधवार सुबह से एनजीओ के लोग स्टेशन पर मौजूद होंगे।
उन्होंने कहा कि इस संबंध में गोरखपुर आदि कई स्टेशनों पर भी बच्चों के उतरने पर बरामदगी के लिए लोगों को लगाया गया, लेकिन देर रात तक बच्चों की बरामदगी की कोई खबर नहीं मिल पाई।
उन्होंने कहा कि बिहार से बच्चों को बहला-फुसलाकर लाने के ऐसे मामले आते रहते हैं। लगभग छह महीने पहले भी ऐसा ही एक मामला आया था। इसके लिए डीसीपीसीआर ने धरपकड़ अभियान चलाया था। जिसमें एक व्यक्ति बच्चों को पढ़ाने का बहाना बनाकर दिल्ली लाया था।