उन्होंने कहा कि विकसित भारत 2047 के समायोजित लक्ष्य की तरफ बढ़ते हुए मुझे पूरा भरोसा है कि सियाम जैसा संगठन और सभी स्टैकहोल्डर मिलकर इस मिशन को पूरा करेंगे। उन्होने कहा कि ग्रीन और स्वस्छ एनर्जी पर काम करते हुए इस दिशा में बड़े कदम उठाने की जरूरत है। अंतर्राष्ट्रीय और घरेलू के तहत जलवायु परिवर्तन के मद्देनजर एक सस्टेंएबल विजन काफी महत्वपूर्ण है।
पीएम मोदी ने आगे कहा कि यह भारत और दुनिया के लिए काफी क्रिटिकल जंक्चन है। ऐसे में ऑटोमोबाइल सेक्टर दूसरों के लिए सिर्फ उदाहरण ही सेट नहीं कर सकता, बल्कि दुनिया के लिए भारत को बेस्ट प्रैक्टिस में भी ला सकता है। मुझे इस बात का भरोसा है कि इस सालाना कंवेशन में जो भी चर्चा हो रही है, उसे हम सर्व करेंगे। उन्होंने अपनी बात में आगे कहा कि इनोवेशन और एंटरप्राइज के मामले में ऑटोमोटिव उद्योग आर्थिक विकास को और ऊंचे स्तर पर लेकर जाएगा। इसके साथ ही मांग की प्रवृत्ति में भी इजाफा देखने को मिलेगा।
पीएम मोदी ने आगे कहा कि बीते दशक में भारतीय ऑटोमोबाइल उद्योग एक शानदार विकास का गवाह बना है। इस मिशन को आगे लेकर जाने में और आर्तिक विकास बढ़ाने में यह अहम भूमिका निभाता है। ऑटोमोबाइल उद्योग विकास की गति बढ़ाने में अहम योगदान दे सकता है।
पीएम मोदी ने कहा कि देश भविश्य के निर्माण के लिए ढांचा तैयार कर रहा है। इसमें राज्य से राज्य एक्सप्रेसवे, हाई स्पीड रेलवे और कनेक्टिविटी के मल्टी मॉडल तरीके तैयार किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस विकास में किसी एक को भागीदार नहीं बनाया जा रहा है, बल्कि सभी के साथ साझा किया जा रहा है।