भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने पहली बार राष्ट्रीय राजमार्गों के रखरखाव और संचालन को सुनिश्चित करने के लिए कॉरिडोर मैनेजमेंट यूनिट्स (गलियारा प्रबंधन इकाइयां) (CMU) स्थापित की हैं। यह कदम राष्ट्रीय राजमार्गों के रखरखाव की निगरानी और लगातार निरीक्षण पर ज्यादा ध्यान देने के मकसद से किया गया है।
यह कदम ऐसे समय में आया है जब राजमार्ग प्राधिकरण ने अपने अधीन ज्यादातर सड़कों के निर्माण और चौड़ीकरण का काम पूरा कर लिया है। NHAI के लिए नए सड़क निर्माण के बजाय अपने सड़क संपत्तियों के प्रबंधन और रखरखाव पर ज्यादा काम करने की जरूरत भी बढ़ गई है।
शुक्रवार को जारी एक सर्कुलर के अनुसार, CMU सुगम ट्रैफिक फ्लो (यातायात प्रवाह), अतिक्रमण हटाने, लगातार और समय-समय पर निरीक्षण, सड़क किनारे की सुविधाओं और सड़क किनारे के वृक्षारोपण के रखरखाव के लिए जिम्मेदार होंगे। इन इकाइयों को साइनबोर्ड और अन्य सड़क फर्नीचर लगाने, टोल प्लाजा पर ट्रैफिक की मात्रा की नियमित निगरानी और वास्तविक जमीनी परिस्थितियों का काम भी सौंपा जाएगा।
NHAI के एक अधिकारी ने बताया, "चूंकि सड़क सुरक्षा पर बहुत अधिक ध्यान दिया जाता है, ये इकाइयां यातायात प्रबंधन और राजमार्ग सुरक्षा के कार्यान्वयन की निगरानी करेंगी। वे सड़क दुर्घटनाओं के मूल कारण विश्लेषण करने और उनके उपायों की योजना बनाने के लिए जिम्मेदार होंगी।"
प्राधिकरण ने उन अधिकारियों के लिए भी प्रमुख परफॉर्मेंस इंडिकेटर्स निर्धारित किए हैं जो CMU से जुड़े होंगे।