IIM Vadodara students make AC helmets
- फोटो : PTI
भारत में गर्मियों की शुरुआत के साथ, चिलचिलाती धूप सभी को परेशान कर रही है। खासकर उन्हें जिन्हें अपना पूरा दिन बाहर बिताना पड़ता है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए, गुजरात के वडोदरा में आईआईएम के छात्रों ने एक अनोखा रास्ता निकाला है। इन छात्रों ने एक एयरकंडीशंड (वातानुकूलित) हेलमेट विकसित किया है, जो तेज गर्मी में राहत पहुंचाते हैं।
IIM Vadodara students make AC helmets
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इन हेलमेटों को बैटरी से चलने के लिए डिजाइन किया गया है। जो कड़ी धूप के नीचे लंबी शिफ्टों के दौरान पहनने वालों को आराम पहुंचाते हैं। इन हेलमेट को पहनने के बाद सिर के चारों ओर ठंडी हवा का झोंका मिलता रहता है, जो कड़ी धूप में खड़े किसी व्यक्ति के लिए वरदान से कम नहीं। वडोदरा ट्रैफिक पुलिस विभाग ने अपने कर्मियों को पहले ही ये एसी हेलमेट देना शुरू कर दिया है। दिन के सबसे गर्म घंटों में ड्यूटी में तैनात लगभग 450 ट्रैफिक पुलिस अधिकारियों को इन खास हेलमेट से लैस किया गया है।
क्या ये एसी हेलमेट पूरे भारत में आम लोगों के साथ-साथ ट्रैफिक पुलिस के लिए मानक उपकरण बन सकते हैं। यह निर्धारित करने में डिजाइन की विस्तारशीलता और इसकी कीमत जैसी चीजें अहम भूमिका निभाएंगे।
गर्मी से संबंधित बीमारियां जैसे गर्मी से होने वाली थकान और हीटस्ट्रोक गंभीर स्वास्थ्य जोखिम पैदा कर सकती हैं। खासकर गर्म और उमस भरे मौसम में। एसी हेलमेट इसे पहनने वालों को ठंडा रखने और गर्मी से संबंधित बीमारियों की संभावना को कम करके इन जोखिमों को कम करने में मदद कर सकते हैं।
इसके अलावा, यह मोटर चालकों के लिए सुरक्षा उपकरण को बढ़ावा देने में भी मदद करेगा। दोपहिया वाहन चलाते समय हमेशा हेलमेट पहनने की सलाह दी जाती है। क्योंकि ये दुर्घटनाओं के मामले में आपको गंभीर चोटों से बचाने के लिए बनाए गए हैं। सड़क पर बिना हेलमेट पहनना दंडनीय अपराध है।