बाजार में आने वाली इलेक्ट्रिक कारों में ज्यादा फोकस रेंज पर दिया जा रहा है। ईवी वाहन बनाने वाले से लेकर लेकर खरीदने वाले तक सभी रेंज बढ़ाने पर ध्यान दे रहे हैं। हालांकि, इलेक्ट्रिक कार में रेंज की निर्भरता मुख्यतौर पर बैटरी पर निर्भर करती है। अगर कार की बैटरी अच्छी गुणवत्ता की है तो कार की रेंज भी ज्यादा होगी। मगर कार पुरानी हो जाएगी तो रेंज के साथ बैटरी की क्षमता भी कम हो जाएगी। ऐसे में एक बार जब बैटरी अपना स्तर गिराने लग जाती है तो वाहन मालिक को काफी मोटा खर्चा उठाना पड़ता है।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इलेक्ट्रिक कार की बैटरी आमतौर पर 5 से 8 साल तक चलती है। हालांकि, बैटरी की क्षमता पूरी तरह से उसकी गुणवत्ता पर निर्भर करती है। वाहन निर्माता ईवी वाहनों की बैटरी को 5 से 8 साल की वारंटी के साथ उतारती है। मगर ऐसा बिल्कुल नहीं है कि बैटरी पूरे समय ही चलेगी। ईवी वाहन की बैटरी वारंटी से पहले भी खराब हो सकती है। यहां पर एक बड़ा कारण और है कि वाहन का पंजीकरण भी लगभग इतने ही साल तक वैध होता है। वाहन का पंजीकरण समाप्त होने के बाद वाहन मालिक को पंजीकरण के साथ बैटरी भी बदलवानी पड़ेगी।