पुलिस के मुताबिक, ये आंकड़ा 1 जनवरी से लेकर 15 अप्रैल 2024 तक का है। पुलिस ने बताया है कि इस साल 8 लाख से अधिक वाहन चालकों का चालान जारी किया गया है। बीते साल तक ये आंकड़ा 9.52 लाख से ज्यादा था। ऐसे में इस साल ओवर स्पीडिंग के मामलों में खासी कमी दर्ज की गई है।
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के अनुसार, दिल्ली सड़क हादसों में मरने वालों के मामले में काफी ऊपर है। इसके पीछे सीधा सा कारण है वाहन चालकों द्वारा ओवर स्पीडिंग करना। आपको बता दें कि दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने सड़क पर ओवर स्पीडिंग के मामलों पर लगाम लगाने के लिए ओएसवीडी यानी ओवर स्पीडिंग वॉयलेशन डिटेक्शन कैमरा लगाए हैं। पुलिस ने रविवार को कहा कि ओएसवीडी कैमरे लागए जाने के बाद दिल्ली के सड़कों पर लोगों को सुरक्षित सफर का फायदा मिला है। ओएसवीडी कैमरे सड़क पर वाहन चालकों को यातायात नियमों का ज्यादा से ज्यादा से पालन करने की ओर अग्रसर करते हैं।
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के अनुसार, सड़क हादसों में मरने वालों की संख्या के मामले में 2022 में 10 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों की सूची में दिल्ली सबसे ऊपर रही थी। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय की रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्ली में 2022 में 5652 सड़क हादसे हुए थे, इसमें लगभग 1461 लोगों की मौत हो गई थी। वहीं, 5201 लोग घायल हुए थे।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि ओवर स्पीडिंग करने पर मोटर वाहन नियम के तहत हल्के वाहन जैसे कार चालक पर 2000 रुपये का जुर्माना लगाया जाता है। वहीं, भारी वाहनों द्वारा ओवर स्पीडिंग करने पर 4000 रुपये का हर्जाना लगता है।