Bhaum Pradosh Vrat 2021: शिव भक्तों के लिए प्रदोष व्रत का खास महत्व है। हर माह में दो बार प्रदोष व्रत रखा जाता है। साल में कुल 24 प्रदोष व्रत पड़ते हैं। प्रदोष व्रत के दिन भगवान शंकर और माता पार्वती की विधि- विधान से पूजा की जाती है। यह व्रत माता पार्वती और भगवान शिव के व्रतों में सर्वोत्तम माना गया है। मान्यता है जो पूरी श्रद्धा से भगवान शिव का यह प्रदोष व्रत रखता है तो उसके जीवन के समस्त कष्टों का निवारण होता है। इस बार कार्तिक मास की शुक्ल पक्ष में आने वाली त्रयोदिशी तिथि को ये व्रत किया जाएगा। कार्तिक मास की शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी इस बार 16 नवंबर 2021, मंगलवार को पड़ रही है। मंगलवार को यह प्रदोष व्रत होने के कारण इसे भौम प्रदोष व्रत भी कहते हैं। आइए जानते हैं भौम प्रदोष व्रत का शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और सम्पूर्ण पूजन सामग्री।