पाकिस्तान में भारतीय सीरियल दिखाने पर लगी रोक हटी
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लाहौर हाई कोर्ट ने पाकिस्तान में भारतीय टीवी सीरियल्स पर लगी रोक को हटा दिया है। मंगलवार को कोर्ट ने पाकिस्तान इलेक्ट्रिक मीडिया रेग्युलेटरी अथॉरिटी (पेमरा) को पाकिस्तान में भारतीय नाटकों पर लगे प्रतिबंध को समाप्त करने का आदेश दिया।
पाकिस्तानी टीवी चैनल कंपनी और फिल्मीजिया टीवी की मालिक 'लियो कम्यूनिकेशन' ने पेमरा के प्रतिबंध को कोर्ट में चुनौती दी थी। लियो कम्यूनिकेशन की वकील अस्मा जहांगीर ने कोर्ट के सामने कहा कि पेमरा ने बिना कारण बताओ नोटिस दिए, भारतीय टीवी चैनलों पर बैन लगाया है, जो गलत है।
वहीं पेमरा की ओर से पेश हुए वकील का कहना था कि भारतीय सीरियल्स पर प्रतिबंध लगाना एक नीतिगत फैसला है।
लाहौर कोर्ट के चीफ जस्टिस सैयद मंसूर अली शाह ने सुनवाई के दौरान यह सवाल किया था कि जब भारतीय फिल्मों पर कोई प्रतिबंध नहीं है, तो फिर टीवी सीरियल्स पर रोक क्यों लगाई गई है? इसके साथ ही जस्टिस शाह ने कहा कि पेमरा इस मामले में अपनी नीति की समीक्षा करे। कोर्ट ने लियो कम्यूनिकेशन के आवेदन को स्वीकार करते हुए भारतीय सीरियल्स के प्रसारण की अनुमति भी दे दी है।
पेमरा के लीगल विंग के डिप्टी जनरल मैनेजर मोहसिन डोगर ने बीबीसी को बताया है कि वह आदेश की कॉपी मिलने के बाद तय करेंगे कि लाहौर कोर्ट के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देनी है या नहीं। पेमरा ने फरवरी में वैध लाइसेंस युक्त सभी निजी चैनलों को भारतीय फिल्मों के टीवी प्रसारण की अनुमति दे दी थी। लेकिन भारतीय सीरियल्स पर पेमरा ने बैन जारी रखा था।
उस वक्त कुछ एंटरटेनमेंट कंपनियों ने कोर्ट से अनुरोध किया गया था कि चैनलों को भारतीय नाटक दिखाने की भी अनुमति मिलनी चाहिए, क्योंकि लाइसेंस के अनुसार उनकी गिनती भी एंटरटेनमेंट श्रेणी में होती है।