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किसानों को बदलना चाहिए खेती का तरीका : भागवत
ब्यूरो/ अमर उजाला, रुद्रपुर
Updated Wed, 14 Jun 2017 05:26 AM IST
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मोहन भागवत
- फोटो : ब्यूरो/ आगरा
तीन दिन के लिए संघ के प्रशिक्षण शिविर में मार्गदर्शन देने पहुंचे आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने किसानों की समस्याओं के प्रश्न पर कहा वर्तमान में किसानों की कुछ समस्याएं जरूर हैं, लेकिन इस पर राजनीति भी हो रही है।
उन्होंने कहा कुछ बातें सरकार को ध्यान रखनी चाहिए तो कुछ पहल किसानों की तरफ से होनी भी जरूरी है। भागवत ने कहा वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए किसानों को गौ आधारित जैविक खेती करनी होगी। किसानों को खेती का तरीका बदलना चाहिए।
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत ने यहां जनता इंटर कॉलेज में चल रहे संघ के द्वितीय संघ शिक्षा वर्ग प्रशिक्षण शिविर में मंगलवार को कई अहम विषयों पर स्वयं सेवकों का मार्गदर्शन किया।
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उन्होंने स्वयं सेवकों के सवालों का जवाब देकर उनकी जिज्ञासा भी शांत की। उन्होंने कहा कि खर्चीली खेती समस्याओं का समाधान नहीं है। किसानों को सिर्फ कमाने के लिए खेती की मनोवृत्ति बदलनी चाहिए।
सरकार को भी यह सुनिश्चित करना चाहिए कि किसानों की उपज का उतना समर्थन मूल्य दिया जाए जिससे किसानों की उत्पादन लागत और उसके जीवन यापन की आवश्यकता की पूर्ति हो। व्यवस्था में लगे स्वयं सेवकों के साथ चर्चा करते हुए संघ प्रमुख ने कहा सभी कार्य सत्यम शिवम सुंदरम करने का स्वभाव होना चाहिए।
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उन्होंने कहा कुछ बातें सरकार को ध्यान रखनी चाहिए तो कुछ पहल किसानों की तरफ से होनी भी जरूरी है। भागवत ने कहा वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए किसानों को गौ आधारित जैविक खेती करनी होगी। किसानों को खेती का तरीका बदलना चाहिए।
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राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत ने यहां जनता इंटर कॉलेज में चल रहे संघ के द्वितीय संघ शिक्षा वर्ग प्रशिक्षण शिविर में मंगलवार को कई अहम विषयों पर स्वयं सेवकों का मार्गदर्शन किया।
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उन्होंने स्वयं सेवकों के सवालों का जवाब देकर उनकी जिज्ञासा भी शांत की। उन्होंने कहा कि खर्चीली खेती समस्याओं का समाधान नहीं है। किसानों को सिर्फ कमाने के लिए खेती की मनोवृत्ति बदलनी चाहिए।
सरकार को भी यह सुनिश्चित करना चाहिए कि किसानों की उपज का उतना समर्थन मूल्य दिया जाए जिससे किसानों की उत्पादन लागत और उसके जीवन यापन की आवश्यकता की पूर्ति हो। व्यवस्था में लगे स्वयं सेवकों के साथ चर्चा करते हुए संघ प्रमुख ने कहा सभी कार्य सत्यम शिवम सुंदरम करने का स्वभाव होना चाहिए।