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इनके जज्बे को सबने किया सलाम...
Mathura
Updated Fri, 25 Apr 2014 05:30 AM IST
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मथुरा। मतदान के लिए बैसाखियों के सहारे चलने वालों के उत्साह ने लोकतंत्र के पर्व को और महका दिया। सुबह से ही मतदान केंद्र पर इनके जोश और जज्बे के आगे हर कोई नतमस्तक नजर आया।
सुबह आठ बजे सेक्रेड हार्ट स्कूल बूथ पर जमीन पर घिसटकर पहुंचे सुरेंद्र चतुर्वेदी अपना वोट डालने को उतावले थे। पूछने पर बोले लोकतंत्र के इस पर्व में हमें भी संविधान ने बराबर का अधिकार दिया है। आज देश को मतदान की खुराक से स्वस्थ्य करने की जरूरत है।
जयसिंह पुरा में श्रीचंद्र विद्यासागर विद्यालय में वोट के लिए बैसाखियों के सहारे पहुंचे अजय शर्मा ने कहा परिवर्तन के लिए लोकतंत्र में मतदान ही एकमात्र तरीका है। जिससे हम देश की नीति-रीति और दशा बदलने में अपना योगदान दे सकते हैं।
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दुर्घटना में चोट लगी है, पैरों से चला नहीं जा रहा, बावजूद इसके गोविंद शर्मा सहारे के साथ परिवार को लेकर वोट डालने पहुंचे। सवाल के साथ बोले वोट डालना जरूरी है। पैरों में चोट के बाद भी गोविंद का उत्साह था कि कम होने का नाम ही नहीं ले रहा था।
गांव मांट राजा में चिलचिलाती धूप में प्राइमरी विद्यालय में वोट डाल कर बैसाखी पर लौटे नरेंद्र तिवारी बोले वोट डालना हर देशवासी का पहला कर्तव्य है। उन्होंने अपने परिवार के साथ वोट डाला है। राष्ट्रीय इंटर कॉलेज सुरीर में बेटा गौरव अपने पापा नाहर सिंह को ट्राइसाइकिल में बैठाकर वोट डलवाने लाया। मतदान करने के बाद नाहर सिंह बोले मेरा पूरा परिवार वोट डालने आया है। उनके उत्साह और जज्बे को सबने बार-बार सलाम किया।
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सुबह आठ बजे सेक्रेड हार्ट स्कूल बूथ पर जमीन पर घिसटकर पहुंचे सुरेंद्र चतुर्वेदी अपना वोट डालने को उतावले थे। पूछने पर बोले लोकतंत्र के इस पर्व में हमें भी संविधान ने बराबर का अधिकार दिया है। आज देश को मतदान की खुराक से स्वस्थ्य करने की जरूरत है।
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जयसिंह पुरा में श्रीचंद्र विद्यासागर विद्यालय में वोट के लिए बैसाखियों के सहारे पहुंचे अजय शर्मा ने कहा परिवर्तन के लिए लोकतंत्र में मतदान ही एकमात्र तरीका है। जिससे हम देश की नीति-रीति और दशा बदलने में अपना योगदान दे सकते हैं।
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दुर्घटना में चोट लगी है, पैरों से चला नहीं जा रहा, बावजूद इसके गोविंद शर्मा सहारे के साथ परिवार को लेकर वोट डालने पहुंचे। सवाल के साथ बोले वोट डालना जरूरी है। पैरों में चोट के बाद भी गोविंद का उत्साह था कि कम होने का नाम ही नहीं ले रहा था।
गांव मांट राजा में चिलचिलाती धूप में प्राइमरी विद्यालय में वोट डाल कर बैसाखी पर लौटे नरेंद्र तिवारी बोले वोट डालना हर देशवासी का पहला कर्तव्य है। उन्होंने अपने परिवार के साथ वोट डाला है। राष्ट्रीय इंटर कॉलेज सुरीर में बेटा गौरव अपने पापा नाहर सिंह को ट्राइसाइकिल में बैठाकर वोट डलवाने लाया। मतदान करने के बाद नाहर सिंह बोले मेरा पूरा परिवार वोट डालने आया है। उनके उत्साह और जज्बे को सबने बार-बार सलाम किया।