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शनि जयंती पर्व आज, भक्तों में उत्साह
Kasganj
Updated Wed, 28 May 2014 05:30 AM IST
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कासगंज। सूर्य पुत्र शनि की जयंती पर्व को लेकर भक्तों में उत्साह है। श्रद्धालुओं ने जयंती के मौके पर गंगा स्नान सहित अन्य धार्मिक कार्यक्रमों के आयोजन की व्यवस्थाएं बनाई हैं।
मालगोदाम रोड शनि मंदिर पर सुबह आठ बजे अभिषेक, इसके बाद सुंदर कांड एवं शाम के समय भंडारा कार्यक्रम होगा। नगर के माता चामुंडा मंदिर, बारहद्वारी, गली शिवालय, माल गोदाम चौराहा स्थित शनि मंदिरों पर पूजा-अर्चना के कार्यक्रम निर्धारित किए हैं। शनिदेव को प्रसन्न करने के लिए भक्तों ने अपनी तैयारी पूरी कर ली हैं। लोगों में शनि की दशा जानने को लेकर भी उत्साह देखा गया। बड़ी संख्या में भक्त पंडितों व पुराहितोें के पास पहुंचे, जहां शनि की दशा के बारे में जानकारी ली। जिन पर शनि की ढैया, साढ़े साती चल रही हैं उन्होंने उपाय पूछे। पंडित ओम प्रकाश शर्मा का कहना है कि शनिदेव न्याय के देवता हैं उनको प्रसन्न रखने के लिए पूजा पाठ अवश्य करना चाहिए।
- दैनिक क्रिया से निवृत होकर अपने ईष्ट देव, गुरु, माता-पिता का आशीर्वाद लें
- नव ग्रहों का स्मरण कर उन्हें नमस्कार करें
- भगवान गणेश का पंचोपचार (स्नान, वस्त्र, चंदन, फूल, धूप दीप ) करें
- लोहे का कलश लेकर सरसों व तिल के तेल से भरकर शनिदेेव की लोहे की मूर्ति स्थापित कर काले कंबल से ओेढ़ा दें
- षोड शोपचार (आह्वान, स्थान, आचमन, स्नान, वस्त्र, चंदन, चावल, फूल, धूपदीप, यज्ञोपवित, नैवेध, आचमन, पान दक्षिणा, श्रीफल, निराजन, पूजन) करें
- शनि मंत्र का जाप कर काले गुलाब, नीले गुलाब कसार खिचड़ी समर्पित करें
- क्षमा मंत्र का जाप कर स्थापित कलश, मूर्ति कंबल दान में दे दें
- दिन भर निराहर रह कर उपवास करें
- सूर्यास्त से पूर्व तिल, तेल से बने भोजन को गृहण कर हनुमान बाबा के दर्शन करें
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मालगोदाम रोड शनि मंदिर पर सुबह आठ बजे अभिषेक, इसके बाद सुंदर कांड एवं शाम के समय भंडारा कार्यक्रम होगा। नगर के माता चामुंडा मंदिर, बारहद्वारी, गली शिवालय, माल गोदाम चौराहा स्थित शनि मंदिरों पर पूजा-अर्चना के कार्यक्रम निर्धारित किए हैं। शनिदेव को प्रसन्न करने के लिए भक्तों ने अपनी तैयारी पूरी कर ली हैं। लोगों में शनि की दशा जानने को लेकर भी उत्साह देखा गया। बड़ी संख्या में भक्त पंडितों व पुराहितोें के पास पहुंचे, जहां शनि की दशा के बारे में जानकारी ली। जिन पर शनि की ढैया, साढ़े साती चल रही हैं उन्होंने उपाय पूछे। पंडित ओम प्रकाश शर्मा का कहना है कि शनिदेव न्याय के देवता हैं उनको प्रसन्न रखने के लिए पूजा पाठ अवश्य करना चाहिए।
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- दैनिक क्रिया से निवृत होकर अपने ईष्ट देव, गुरु, माता-पिता का आशीर्वाद लें
- नव ग्रहों का स्मरण कर उन्हें नमस्कार करें
- भगवान गणेश का पंचोपचार (स्नान, वस्त्र, चंदन, फूल, धूप दीप ) करें
- लोहे का कलश लेकर सरसों व तिल के तेल से भरकर शनिदेेव की लोहे की मूर्ति स्थापित कर काले कंबल से ओेढ़ा दें
- षोड शोपचार (आह्वान, स्थान, आचमन, स्नान, वस्त्र, चंदन, चावल, फूल, धूपदीप, यज्ञोपवित, नैवेध, आचमन, पान दक्षिणा, श्रीफल, निराजन, पूजन) करें
- शनि मंत्र का जाप कर काले गुलाब, नीले गुलाब कसार खिचड़ी समर्पित करें
- क्षमा मंत्र का जाप कर स्थापित कलश, मूर्ति कंबल दान में दे दें
- दिन भर निराहर रह कर उपवास करें
- सूर्यास्त से पूर्व तिल, तेल से बने भोजन को गृहण कर हनुमान बाबा के दर्शन करें