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भगवान सूर्य को जल अर्पित करते समय कहीं आप भी तो नहीं कर बैठते ऐसी गलती
amarujala.com- Presented by: किरण सिंह
Updated Sun, 26 Mar 2017 11:38 AM IST
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भगवान सूर्य को जल अर्पित करने से सभी काम में सफलता मिलती हैं।
- फोटो : F
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ज्यादातर लोग रोज सुबह पूजा के बाद भगवान सूर्य को जल अर्पित करते हैं। मानना है कि इनकी कृपा से मुश्किल से मुश्किल काम में सफलता मिलती है। जब बात काम की आती है और उसमें निराशा हाथ लगती है तो सबसे पहले देवी- देवताओं को कोसना शुरू कर देते हैं।
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क्या आपने कभी ध्यान दिया है कि जो जल आप भगवान सूर्य को अर्पित कर रहे है, वो बिल्कुल सही तरीका है। गलत तरीके से जल अर्पित करना भी असफलता का एक कारण हैं। जानें सूर्य को जल अर्पित करने का सही तरीका
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- कुंडली में अगर सूर्य सही है तो समाज में आपको सम्मान के साथ-साथ बड़ा पद भी मिलता है। यही नहीं परिवार का साथ भी बना रहता हैं और सेहत भी अच्छी रहती है।
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- इसके विपरीत अगर सूर्य कुंडली में कमजोर है तो कई परेशानियों का सामना करना पड़ता है। यही वजह से इसे सही करने में कई उपाय भी करते हैं, जिससे कुडंली में अच्छे योग बनें।
- जब आप सूर्य को जल अर्पित करते हैं तो उनके साथ ही नौ ग्रहों की भी कृपा बनी रहती हैं। लेकिन सही से जल अर्पित नहीं करने के कारण मन के अनुरूप फल नहीं मिलता।
- सूर्य को जल अर्पित करने से पहले ब्रह्म मुहूर्त में ही नहाएं। माना जाता है कि इस मुहूर्त में जल चढ़ाने से फल अधिक मिलता हैं। इसका मतलब जब सूर्य का रंग लाल हो और आप उसे ठीक तरह से देख सकें।
- जल को अर्पित करते हुए ध्यान रखें कि आपका हाथ सिर से उपर हो। ऐसा माना जाता है कि अगर आप सिर के उपर से जल अर्पित करेंगे तो सूर्य की सातों किरणें आपके शरीर पर पड़नी चाहिए। इससे सूर्य के साथ- साथ आपके नौ ग्रह भी मजबूत बनेंगे। इसके बाद प्रार्थना करें।
- सूर्य को जल अर्पित करने से पहले ब्रह्म मुहूर्त में ही नहाएं। माना जाता है कि इस मुहूर्त में जल चढ़ाने से फल अधिक मिलता हैं। इसका मतलब जब सूर्य का रंग लाल हो और आप उसे ठीक तरह से देख सकें।
- जल को अर्पित करते हुए ध्यान रखें कि आपका हाथ सिर से उपर हो। ऐसा माना जाता है कि अगर आप सिर के उपर से जल अर्पित करेंगे तो सूर्य की सातों किरणें आपके शरीर पर पड़नी चाहिए। इससे सूर्य के साथ- साथ आपके नौ ग्रह भी मजबूत बनेंगे। इसके बाद प्रार्थना करें।