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'दाग' कायम, अभी भी 25 विधायकों पर क्रिमिनल केस
अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Tue, 10 Dec 2013 11:56 AM IST
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दिल्ली विधानसभा चुनाव के नतीजे आ गए हैं लेकिन इस बार भी आपराधिक रिकॉर्ड वाले विधायक चुनकर आए हैं। अभी भी दिल्ली के 25 विधायकों पर आपराधिक मामले दर्ज हैं।
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इन विधायकों में भाजपा के डॉ. हर्षवर्धन और आम आदमी पार्टी के अरविंद केजरीवाल व मनीष सिसोदिया शामिल हैं।
भाजपा के डॉ. हर्षवर्धन, करावल नगर से भाजपा विधायक मोहन सिंह बिष्ट और सुल्तानपुर माजरा से कांग्रेस विधायक जयकिशन पर महिलाओं पर अत्याचार से संबंधित मामले दर्ज हैं।
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डॉ. हर्षवर्धन पर धारा 509 के तहत, मोहन सिंह बिष्ट व जयकिशन पर धारा 354 के तहत स्त्री की लज्जा भंग करने के आशय से हमला करने का मामला है।
आप के कई नेताओं पर मामले दर्ज
2008 के मुकाबले 2013 में आपराधिक छवि वाले विधायकों की संख्या में सात फीसदी की कमी आई है। हालांकि हत्या के प्रयास, डकैती, महिलाओं पर अत्याचार जैसे गंभीर अपराधों में संलिप्त विधायकों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है।
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पढ़ें, AAP के 'खास' विधायक: कमांडो से जूता फेंकने वाले तक
आम आदमी पार्टी के 28 निर्वाचित विधायकों में से पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल, पटपड़गंज से विधायक मनीष सिसोदिया और रोहिणी से विधायक राजेश गर्ग रोहिणीवाला पर भी मुकदमे दर्ज हैं।
हालांकि इन पर धरना-प्रदर्शन से जुड़े मुकदमे हैं। सरकारी कर्मचारी के कार्य में बाधा डालना, दंगा भड़काने जैसे मामले हैं।
कई प्रत्याशियों को मिली हार
रोहिणी से ‘आप’ के विधायक पर 2010 में दर्ज मुकदमे में आपराधिक षडयंत्र और धारा 253 के तहत भारतीय सिक्के में कुछ गड़बड़ी करने का मामला दर्ज है।
इस बार स्वच्छ राजनीति पर जागरूकता के कारण गंभीर आपराधिक मामलों में नामजद 94 उम्मीदवारों में 74 को हार का सामना करना पड़ा।
2008 में 68 विधायकों में से सिर्फ 6 पर ही गंभीर मामले दर्ज थे, लेकिन इस बार 70 विधायकों में से 20 पर गंभीर मामले दर्ज हैं।
भाजपा के 13 विधायकों पर मामला दर्ज
एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स की रिपोर्ट के अनुसार, इस बार चुने गए 70 में से 25 विधायकों ने ही आपराधिक मामले घोषित किए हैं, जो कुल संख्या का 26 फीसदी है।
वहीं 2008 में जिन 68 विधायकों का विश्लेषण किया गया, उसमें 29 ने आपराधिक मामले घोषित किए थे, जो 43 फीसदी था। इस लिहाज से आपराधिक मामले घोषित करने वाले विधायक 7 फीसदी घटे हैं।
पार्टी स्तर पर भाजपा के चुने गए 31 में से 17 विधायकों ने आपराधिक मामले घोषित किए हैं। इसमें से 13 पर गंभीर मामले दर्ज हैं।
पिछले चुनाव में चुने गए 23 में से 11 विधायकों पर आपराधिक मामले दर्ज थे। हालांकि गंभीर मामले वाले विधायक सिर्फ 9 फीसदी थे।
सिर्फ दिल से अमीर हैं 'आप' के विधायक
दिल्ली विधानसभा की कुर्सी पर करोड़पति व अरबपतियों के बीच आठ विधायक ऐसे भी होंगे, जिनके पास कोई अचल संपत्ति नहीं है। जबकि 19 विधायकों की कुल संपत्ति एक करोड़ रुपए से कम है। इसमें से 16 आम आदमी पार्टी के हैं।
सबसे कम संपत्ति वाले विधायकों की सूची में शुरुआती 10 आम आदमी पार्टी से ही हैं। मैदान में 198 करोड़पति थे, जिसमें से केवल 51 ही जीते हैं। इनका जीत प्रतिशत 26 है जबकि कम धन-दौलत वालों में जीत के चांस 7 फीसदी सामने आए हैं।
दिल्ली एलेक्शन वॉच और एडीआर की रिपोर्ट के अनुसार, सबसे कम संपत्ति सिर्फ 20.8 हजार रुपए सीमापुरी से विधायक धर्मेंद्र सिंह कोली की है।
12 विधायकों की औसत संपत्ति एक करोड़
दूसरे नंबर पर 51 हजार रुपए लेकर मंगोलपुरी विधायक राखी बिरला और तीसरे नंबर पर मॉडल टाउन से चुने गए अखिलेश पति त्रिपाठी हैं, जिनके पास 1.59 लाख रुपए हैं। आप पार्टी के चुने गए 28 विधायकों में से 12 करोड़पति हैं, जिनकी औसत संपत्ति एक करोड़ रुपए है।
वहीं, 16 के पास एक करोड़ रुपए से कम की संपत्ति है। इनमें से तो आठ के पास कोई अचल संपत्ति नहीं है। उधर, 51 विधायक (73 फीसदी) करोड़पति हैं।
इनकी औसत संपत्ति 10.83 करोड़ रुपए हैं। पिछले चुनाव में 47 विधायक (69 फीसदी) करोड़पति थे, जिनकी औसत संपत्ति 2.94 करोड़ रुपए थी। भाजपा के 31 में से 30 विधायक करोड़पति हैं और उनकी औसत संपत्ति 12.49 करोड़ रुपए है।
कांग्रेस के आठ में से सात करोड़पति हैं और उनकी औसत संपत्ति 10.25 करोड़ रुपए है। शिरोमणि अकाली दल के एकमात्र विधायक की संपत्ति 235 करोड़ रुपए से अधिक है और वह सबसे अमीर विधायक हैं।