चिमटे से की डिलिवरी, निकल आई बच्ची की आंख
एक आम इंसान की जिंदगी में डॉक्टर भगवान का दूसरा रूप होता है। लेकिन छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में एक डॉक्टर ने ऐसा काम किया कि किसी की भी रूह कांप जाए।
छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार इलाके में एक चीफ मेडिकल ऑफिसर के यहां प्रसव के लिए एक महिला को भर्ती कराया गया।
डॉक्टर ने उसका प्रसव तो करा दिया लेकिन उसके बच्चे की आंख हमेशा के लिए छीन ली।
बच्ची ने खोई आंख
हुआ यूं कि डॉक्टर ने घोर लापरवाही बरतते हुए बिना किसी जांच के फोरसेप (चिमटे) से खींचकर प्रसव करा दिया।
बाद में नवजात बच्ची को कपड़े से लपेटकर घरवालों को सौंप दिया गया। लेकिन घरवालों ने जैसे ही बच्ची को देखा उनकी रूह कांप गई।
बच्ची की आंख गायब थी और वहां से खून बह रहा था।
जमीन पर मिली आंख
जिस कमरे में प्रसव कराया गया था वहां देखा तो बच्ची की एक आंख जमीन पर गिरी हुई थी और डॉक्टर की सहायिका उस आंख को कपड़े से पोंछ रही थी।
डॉक्टर ने परिजनों को वहां से चलता कर दिया। परिवार के लोग खौफ और सदमे में पुलिस के पास पहुंचे तो उन्होंने शिकायत दर्ज करने से मना कर दिया।
वहीं डॉक्टर का कहना है कि महिला को कई घंटे से प्रसव पीड़ा हो रही थी। बच्ची को चिमटे की सहायता से निकाला गया लेकिन उसकी आंख कैसे निकल गई यह समझ से परे है।