फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   now cracks in gangotri raises concern

उत्तराखंडः अब गंगोत्री मंदिर में पड़ी दरार, खतरा बढ़ा

Fri, 28 Jun 2013 05:06 PM IST
देहरादून/इंटरनेट डेस्क
देहरादून/इंटरनेट डेस्क Updated Fri, 28 Jun 2013 05:06 PM IST
विज्ञापन
now cracks in gangotri raises concern

अभी देश केदारनाथ घाटी से आ रही भयावह तस्वीरों के दर्द से उबरा भी नहीं था कि अब गंगोत्री मंदिर से बुरी खबर आ रही है। 19वीं सदी में बने इस मंदिर को गंगा का उदगम स्थल माना जाता है।

विज्ञापन


यहां भारी बारिश होने के कारण एक झरने ने मंदिर परिसर के एक हिस्से को भारी नुकसान पहुंचाने की आशंका बढ़ा दी है।

चार धाम में से एक गंगोत्री मंदिर में गंगा माता की प्रतिमा है। यह भागीरथी के किनारे है और नदी के वास्तविक स्रोत से 18 किलोमीटर के फासले पर।

बेहद खराब मौसम और ग्लैशियर से आने वाले पानी के कारण मंदिर की इमारत और परिवार की दीवार में कई जगह दरार पड़ गई है। लकड़ी से बना ढांचा एक जगह से टूट भी गया है। पुजारियों का कहना है कि बारिश और सर्दियों में पड़ने वाली बर्फ के कारण यह सब हो रहा है।
विज्ञापन


गंगोत्री के पुजारी पंडित दोर्णाचार्य समवाल ने कहा कि भैंरो झाप झरना खतरा बन गया है। उन्होंने कहा, 'ग्लैशियर से आने वाले इस झरने में काफी पत्थर-कंकड़ बहकर आते हैं। इसका काफी पानी मंदिर परिसर में भी दाखिल होता है। सर्दियों में यहां सब जम जाता है और पूरा इलाका बर्फ से ढंक जाता है।'
विज्ञापन
विज्ञापन


एक अन्य पुजारी जयप्रकाश समवाल ने कहा, 'हम नहीं जानते कि आगे क्या होगा? अगर भारी बारिश होती है, तो हम गंगा मैया की दया पर निर्भर हैं।'

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed