{"_id":"599a5b1a4f1c1b09078b46d8","slug":"doklam-standoff-india-accelerate-the-road-construction-on-chinese-border","type":"story","status":"publish","title_hn":"चीन बॉर्डर के नजदीक 15 साल बाद भी तैयार नहीं 46 सड़कें, अब तेज होगा काम","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
चीन बॉर्डर के नजदीक 15 साल बाद भी तैयार नहीं 46 सड़कें, अब तेज होगा काम
amarujala.com- Presented By: त्रिनाथ त्रिपाठी
Updated Mon, 21 Aug 2017 10:51 AM IST
विज्ञापन
भारत चीन बॉर्डर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डोकलाम को लेकर भारत और चीन के बीच करीब तीन महीनों से जारी गतिरोध के बीच भारतीय सरकार ने एक काफी महत्वपूर्ण कदम उठाया है। डोकलाम विवाद पर चीन से निपटने के लिए भारत ने सीमा पर तैयारी तेज कर दी है. सरकार ने बीआरओ की पॉवर बढ़ाते हुए पिछले काफी समय से भारत-चीन सीमा पर बंद सड़क निर्माण को फिर शुरू करने की अनुमति दे दी है।
काम जल्द से जल्द शुरू करने के आदेश
डोकलाम विवाद के बीच भारत सरकार ने बॉर्डर रोड ऑर्गनाइजेशन (बीआरओ) की पावर बढ़ाते हुए इंडो-चीन बॉर्डर पर 3,409 किलोमीटर लंबी सड़क बनाने का काम जल्द से जल्द शुरू करने के आदेश दे दिए हैं। सरकार ने यह आदेश सीएजी की रिपोर्ट के बाद जारी किया।
पढ़े:- डोकलाम विवाद पर खतरे को भांप गया चीन, कहा- युद्ध से सिर्फ होगा नुकसान
विज्ञापन
लंबे समय से अटके हुए हैं 61 प्रोजेक्ट
दरअसल, सीएजी ने अपनी रिपोर्ट में कहा था कि इंडो-चीन बॉर्डर से सटे 61 प्रोजेक्ट लंबे समय से अटके हुए हैं। इसके बाद रक्षा मंत्रालय ने बीआरओ की फाइनेंशियल और एडमिनिस्ट्रेटिव पावर बढ़ाते हुए इन इलाकों में जल्द से काम शुरू करने के निर्देश दिए हैं ताकि तय समय पर सेना की जरूरतों को पूरा किया जा सके। रक्षा मंत्रालय ने बताया कि कंस्ट्रक्शन मशीन के लिए बीआरओ की फाइनेंशियल अप्रूवल की पावर 100 करोड़ तक कर दी गई है।
ऐसे इलाकों को सड़कों से जोड़ने का काम
बीआरओ इंडो-चीन बॉर्डर पर ऐसे इलाकों को सड़कों से जोड़ने का काम कर रहा है, जहां पहुंचना मुश्किल है। आपको बता दें कि सिक्किम सेक्टर में डोकलाम के पास चीन एक सड़क बनाना चाहता है। भारत और भूटान इसका विरोध कर रहे हैं। करीब 3 महीने से इस इलाके में भारत और चीन के सैनिक आमने-सामने हैं।
विज्ञापन
काम जल्द से जल्द शुरू करने के आदेश
डोकलाम विवाद के बीच भारत सरकार ने बॉर्डर रोड ऑर्गनाइजेशन (बीआरओ) की पावर बढ़ाते हुए इंडो-चीन बॉर्डर पर 3,409 किलोमीटर लंबी सड़क बनाने का काम जल्द से जल्द शुरू करने के आदेश दे दिए हैं। सरकार ने यह आदेश सीएजी की रिपोर्ट के बाद जारी किया।
विज्ञापन
पढ़े:- डोकलाम विवाद पर खतरे को भांप गया चीन, कहा- युद्ध से सिर्फ होगा नुकसान
विज्ञापन
लंबे समय से अटके हुए हैं 61 प्रोजेक्ट
दरअसल, सीएजी ने अपनी रिपोर्ट में कहा था कि इंडो-चीन बॉर्डर से सटे 61 प्रोजेक्ट लंबे समय से अटके हुए हैं। इसके बाद रक्षा मंत्रालय ने बीआरओ की फाइनेंशियल और एडमिनिस्ट्रेटिव पावर बढ़ाते हुए इन इलाकों में जल्द से काम शुरू करने के निर्देश दिए हैं ताकि तय समय पर सेना की जरूरतों को पूरा किया जा सके। रक्षा मंत्रालय ने बताया कि कंस्ट्रक्शन मशीन के लिए बीआरओ की फाइनेंशियल अप्रूवल की पावर 100 करोड़ तक कर दी गई है।
ऐसे इलाकों को सड़कों से जोड़ने का काम
बीआरओ इंडो-चीन बॉर्डर पर ऐसे इलाकों को सड़कों से जोड़ने का काम कर रहा है, जहां पहुंचना मुश्किल है। आपको बता दें कि सिक्किम सेक्टर में डोकलाम के पास चीन एक सड़क बनाना चाहता है। भारत और भूटान इसका विरोध कर रहे हैं। करीब 3 महीने से इस इलाके में भारत और चीन के सैनिक आमने-सामने हैं।