'हमारे बदन को छूने की कोशिश करते हैं'
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स्टेट एंट्री रोड पर चहल पहल है। नई दिल्ली रेलवे स्टेशन जाने वाले कुछ यात्री प्लेटफ़ॉर्म का रास्ता भटक कर सड़क के अंतिम छोर तक पहुंच गए हैं। यहीं रेलवे अधिकारी क्लब है जिसके पार्क में महिला ने अपने साथ सामूहिक बलात्कार होने का आरोप लगाया है।
रेलवे अधिकारी क्लब से जुड़े एक प्रशासनिक अधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि क्लब के पार्क पर कोई सुरक्षा गॉर्ड तैनात नहीं है और न ही यहां कोई सीसीटीवी कैमरा लगा है।
सुरक्षित स्थान
हालांकि पार्क की चारदीवारी पर कंटीली तारें लगी हैं जो दर्शाती हैं कि यह एक सुरक्षित स्थान है।
पार्क के मुख्य दरवाज़े के ठीक सामने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन का प्लेटफ़ॉर्म नंबर एक है। स्टेशन पर होने वाली घोषणाएं यहां साफ़ सुनी जा सकती हैं और स्टेशन की चहल पहल भी दिखती है।
महिला ने जहां बलात्कार होने की बात कही हैं वहां एक नृत्य की मुद्रा में एक की मूर्ति लगी है।
जब यहां पहुंचा तब दिल्ली पुलिस का एक जांच दल मौक़े का मुयाना करके गया था। यहां मौजूद एक व्यक्ति ने बताया कि पुलिस पीड़ित को भी मौक़े पर लेकर आई थी और घटनास्थल की पुष्टि की है। हालांकि पुलिस घटना को लेकर चुप्पी साधे हुए हैं इसलिए इसकी तस्दीक़ नहीं हो पाई।
मंगलवार शाम पांच से छह बजे के बीच बलात्कार की घटना होने की बात कही जा रही है। रेलवे अधिकारी क्लब से जुड़े एक सूत्र ने बताया कि क्लब के लॉन में लोहड़ी समारोह हुआ था जिसके लिए लगा टैंट मंगलवार शाम चार बजे तक हटाया जा रहा था।
पुलिस के मुताबिक़ महिला पहाड़गंज के एक होटल में ठहरी थी और अपने होटल का रास्ता भटक गई थी। महिला को होटल पहुंचाने के बहाने पार्क में ले जाया गया था जहां लूट के बाद उसके साथ चाकू की नोक पर बलात्कार किया।
डरे हुए हैं विदेशी
विदेशी महिला से गैंगरेप की घटना के बारे में ता सो ली ने कहा, "कोरिया में भारत में महिलाओं से बलात्कार की ख़बरें बहुत दिखाई जाती हैं। वहां के नागरिकों को लगता है कि भारत महिलाओं के लिए सुरक्षित स्थान नहीं है। लेकिन मैं दूसरी बार भारत आई हूं। मैं जानती हूं कि यहां कैसे लोगों से बच कर रहना है।"
ता सो ली कहती हैं, "भारत के पुरुषों को लगता है कि महिलाओं उनसे कमतर हैं। इसलिए ही भारत विदेशी महिलाों के लिए ख़तरनाक जगह है। यहां समूह में घूमते हुए पुरुष घूरकर देखते हैं और हमारे बदन को छूने की कोशिश करते हैं।"
ली के साथ आईं उनकी दोस्त इस ख़बर के बाद सहमी हुईं लगी और उन्होंने इतना ही कहा कि वे सावधान रहेंगी और किसी अनजान व्यक्ति से बात नहीं करेंगी।
पुरुषों से असुरक्षा
अपने समूह के साथ कनॉट प्लेस घूम रहीं ब्राज़ील की गैब्रियाला कहती हैं, "मैं बहुत डरी हुईं हूं। मैं यहां अकेले नहीं चल सकती। यहां जहां भी जाओ बस पुरुष ही दिखते हैं जिन्हें देखकर असुरक्षा की भावना पैदा होती है।"
इसी समूह के साथ आई सेसेलिया कहती हैं, "अभी मैं अपने समूह के साथ हूं इसलिए डर नहीं लग रहा है। लेकिन भारत सरकार को सोचना चाहिए कि यदि विदेशियों के साथ ऐसा बर्ताव होगा तो फिर पर्यटक आना बंद कर देंगे और इससे भारत का ही नुक़सान होगा। भारत के लोगों को अपनी सरकार पर बलात्कार के ख़िलाफ़ सख़्त कार्रवाई करने के लिए दबाव बनाना चाहिए।"
बदनामी
घटनास्थल पर दिल्ली पुलिस के विशेष आयुक्त दीपक मिश्रा स्वयं दल बल के साथ मौक़े का मुआयना करने पहुंचे थे। दीपक मिश्रा ने घटना के बारे में ऑन रिकॉर्ड कोई भी जानकारी देने से इंकार किया। हालांकि उन्होंने यह ज़रूर कहा कि ऐसी घटनाओं से भारत की बदनामी होती है।
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के सामने सुरक्षित प्रतीत होने वाले पार्क में विदेशी महिला के साथ हुई गैंगरेप की घटना ने एक बार फिर भारत में महिलाओं की सुरक्षा के लेकर उठे सवालों को फिर से गंभीर कर दिया है।