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हैरतअंगेजः अब शवों को दफनाया नहीं, ममी बनाया जाएगा!
Updated Tue, 18 Feb 2014 02:22 PM IST
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प्राचीन मिस्र में मरने के बाद लोगों की ममी बना दी जाती है। ममी बनाना, पूरी तरह से एक रासायनिक प्रक्रिया है। जिसमें शरीर पर तरह-तरह के लेप लगाकर उसे काफी दिनों तक संरक्षित किया जाता था।
'दाढ़ी में खुद को ज्यादा सेक्सी और सुंदर महसूस करती हूं'
शरीर पर कई तरह के रासायनिक लेप लगाकर उन्हें विशेष प्रकार की पट्टियों से ढक दिया जाता था। पर क्या आप यकीन करेंगे कि मिस्र की ये कला अब आप भी अपना सकते हैं।
जी हां, अगर आप चाहें तो मरने के बाद ममी बन सकते हैं।
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'दाढ़ी में खुद को ज्यादा सेक्सी और सुंदर महसूस करती हूं'
शरीर पर कई तरह के रासायनिक लेप लगाकर उन्हें विशेष प्रकार की पट्टियों से ढक दिया जाता था। पर क्या आप यकीन करेंगे कि मिस्र की ये कला अब आप भी अपना सकते हैं।
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जी हां, अगर आप चाहें तो मरने के बाद ममी बन सकते हैं।
क्या है विचार?
अगर आपको मरने के बाद ताबूत में दफनाए जाने या फिर जलाए जाने की विधि पसंद नहीं है तो ये खबर आपको एक नया विकल्प देगी।
क्या आप ममी बनवाना चाहेंगे? जी हां, हम मिस्र वाले ममी की ही बात कर रहे हैं। उटाह में एक कंपनी ने 30 सालों की मेहनत के बाद मृत शरीर को ममी में बदलने की तरकीब खोज निकाली है।
इनके कान में घुसा बैठा था वो और इन्हें खबर तक नहीं
समम नाम की इस कंपनी को अब तक करीब 1,500 लोग संपर्क कर चुके हैं। जो लोगों को उनके मरने के बाद सुरक्षित रखने का दावा करती है।
क्या आप ममी बनवाना चाहेंगे? जी हां, हम मिस्र वाले ममी की ही बात कर रहे हैं। उटाह में एक कंपनी ने 30 सालों की मेहनत के बाद मृत शरीर को ममी में बदलने की तरकीब खोज निकाली है।
इनके कान में घुसा बैठा था वो और इन्हें खबर तक नहीं
समम नाम की इस कंपनी को अब तक करीब 1,500 लोग संपर्क कर चुके हैं। जो लोगों को उनके मरने के बाद सुरक्षित रखने का दावा करती है।
केवल इंसानों के लिए नहीं है ये
अगर आप ये सोच रहे हैं कि कंपनी ने केवल इंसानों की ही ममी बनाने का दावा किया है तो आपको बता दें कि ये कंपनी पालतू जानवरों के ममी भ बनाती है।
इस खूबसूरत बला को है ब्वॉयफ्रेंड की तलाश, आप बनेंगे?
मिस्र में मौत के बाद ममी बनाने के पीछे कारण ये था कि वहां के लोग भविष्य के जन्म के बारे में सोचते थे। इसीलिए वो शरीर को सुरक्षित करने के साथ ही उसके साथ कई तरह दैनिक सामान भी रख देते थे। ताकि मृतक को अगले जन्म में किसी तरह की कोई तकलीफ न हो।
इस खूबसूरत बला को है ब्वॉयफ्रेंड की तलाश, आप बनेंगे?
मिस्र में मौत के बाद ममी बनाने के पीछे कारण ये था कि वहां के लोग भविष्य के जन्म के बारे में सोचते थे। इसीलिए वो शरीर को सुरक्षित करने के साथ ही उसके साथ कई तरह दैनिक सामान भी रख देते थे। ताकि मृतक को अगले जन्म में किसी तरह की कोई तकलीफ न हो।
ममी बनाने की प्रक्रिया
ममी बनाने से पहले मृतक के शरीर को अच्छी तरह से धोया जाता था। इसमें नील नदी का पानी और वाइन का इस्तेमाल किया जाता था। उनका मानना था कि ऐसा करने से शरीर शुद्घ हो जाता है।
वर्तमान प्रक्रिया
वर्तमान में एक मृतक की ममी बनाने में कंपनी को 90 दिनों का समय लगता है। अंगों को निकालकर सफाई कर दी जाती है। उसके बाद शरीर को 70 दिनों तक रसायन से भरे ड्रम में डाल दिया जाता है।
डेली मेल के अनुसार, कंपनी के एक शख्स के अनुसार, पुराने समय में लोग मृतक को पूरी तरह सूखा देते थे। उन्हें लगता था कि ऐसा करने से शरीर ज्यादा समय तक सुरक्षित रहता है।
बीवी के कपड़े उतारने के लिए पति ने मांगी मदद
लेकिन हम उसके बिल्कुल उलट करते हैं। हालांकि ये काफी महंगा है। जहां बिल्लियों के ममी 6 हजार डॉलर, कुत्तों के ममी 25 हजार डॉलर और मानव की ममी करीब 67 हजार डॉलर में तैयार की जाती है।
डेली मेल के अनुसार, कंपनी के एक शख्स के अनुसार, पुराने समय में लोग मृतक को पूरी तरह सूखा देते थे। उन्हें लगता था कि ऐसा करने से शरीर ज्यादा समय तक सुरक्षित रहता है।
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लेकिन हम उसके बिल्कुल उलट करते हैं। हालांकि ये काफी महंगा है। जहां बिल्लियों के ममी 6 हजार डॉलर, कुत्तों के ममी 25 हजार डॉलर और मानव की ममी करीब 67 हजार डॉलर में तैयार की जाती है।