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यूपी में बसपा नेता को गोलियों से भूना

Sun, 16 Feb 2014 03:59 PM IST
Updated Sun, 16 Feb 2014 03:59 PM IST
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bsp leader murdered in up

बाइक सवार तीन बदमाशों ने बसपा के पूर्व जिला सचिव डॉ. अमरपाल जाटव (45) की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी। वारदात जीवन गेट के पास शनिवार शाम करीब छह बजे हुई।

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आठ माह पहले उनके छोटे भाई मदन पाल की हत्या कर दी गई थी, वे केस की पैरवी कर रहे थे।

पुलिस इसी रंजिश को वारदात की वजह मान रही है। बसपा नेता तीन माह पहले लोनी थाने में शिकायत भी की थी। डॉ अमरपाल हापुड़ में आलमनगर गढ़ के रहने वाले थे।

8 गोल‌ियां मारी

bsp leader murdered in up

पत्नी सुमन, पुत्रों अभिषेक, अनमोल और अतुल के साथ 20 सालों से लोनी की आजाद एंक्लेव कालोनी में रह रहे थे। वारदात के वक्त वे कस्बे के रामलीला ग्राउंड में बसपा के लोनी महोत्सव कार्यक्रम में शिरकत कर घर लौट रहे थे।

आटो से उतरते ही बाइक सवार हमलावरों ने उन पर पिस्टल से ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। कनपटी, सीने और पेट में उन्हें 7-8 गोलियां लगीं। लहूलुहान हालत में पुलिस उन्हें दिल्ली के जीटीबी अस्पताल ले गई, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।

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बसपा नेताओं का लगा तांता

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पुलिस ने मौके से 32 बोर के खोखे बरामद कर लिए हैं। दिनदहाडे़ बसपा नेता की हत्या से क्षेत्र में हड़कंप मच गया। बसपा के वेस्ट यूपी प्रभारी मुनकाद अली, क्षेत्रीय विधायक जाकिर अली और बसपा के काफी कार्यकर्ता जीटीबी अस्पताल पहुंच गए।

बसपा नेताओं ने हत्यारों को जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग की है। छोटे भाई मदनपाल की 19 जून 2013 को पैतृक गांव आलमनगर में हत्या कर दी गई थी।

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मामले की पैरवी कर रहे थे अमरपाल

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भाई की हत्या में गांव के ही नानक, केशव, ओमपाल और विवेक को नामजद कराया गया था। तीन आरोपियों को जेल भेज दिया गया था, जबकि ओमपाल भागा हुआ था।

बसपा नेता केस की पैरवी कर रहे थे। डा. नेपाल ने बताया कि जेल भेजे गए तीनों आरोपी भी इन दिनों जमानत पर बाहर हैं। भाई की हत्या के मामले में 18 तारीख को गाजियाबाद कोर्ट में गवाही देना था। इस मामले को लेकर लगातार उन्हें जान से मारने की धमकियां मिल रही थीं।

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