LOC से सटे इलाकों में आतंकियों की नई फौज तैयार करने की साजिश
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उत्तरी कश्मीर के एलओसी से सटे इलाकों को आतंकी संगठनों ने निशाना बनाते हुए किशोरों को आतंक की राह पर धकेलने की नई साजिश रची है। सेना की कार्रवाई में लगातार सफाया हो रहे कुनबे से बौखलाए आतंकी संगठनों ने आतंकियों की नई फौज खड़ा करने की व्यूहरचना की है।
इसके लिए खासकर स्कूली छात्रों को निशाना बनाया जा रहा है। पिछले दो दिनों में चार किशोरों को एलओसी पार जाने से सुरक्षा बलों ने रोका है। सुरक्षा एजेंसियां जांच में जुट गई हैं। साथ ही इनके आतंकी कनेक्शन की भी तलाश की जा रही है।
उत्तरी कश्मीर के कुपवाड़ा तथा बारामुला जिले में एलओसी से सटे इलाके के किशोरों को आतंक की राह अपनाने के लिए बरगलाया जा रहा है। इसके लिए 14 से 16 वर्ष के किशोरों को साफ्ट टारगेट के रूप में चिह्नित किया गया है। इसके बारे में एक तस्वीर भी वायरल हो रही है, जिसमें कश्मीरी बच्चों को बंदूकों से खेलते दिखाया गया है।
जून में 27 आतंकी किए गए हैं ढेर
सूत्रों का कहना है कि सेना की ओर से घाटी में कड़ाई किए जाने के बाद से स्थानीय युवाओं को आतंकी संगठनों में शामिल कराने में दिक्कतें आ रही हैं। साथ ही पहले से सक्रिय आतंकी सुरक्षा बलों के रडार पर हैं। इससे आतंकी वारदातों को अंजाम देने में दिक्कतें आ रही हैं।
इस महीने मुठभेड़ में लश्कर के टाप कमांडर जुनैद मट्टू सहित 27 आतंकियों को मार गिराया गया है। इससे आतंकी संगठनों में आतंकियों की खेप खत्म होने का डर भी समाया हुआ है। इस वजह से नए आतंकियों की भर्ती तेज करने की कवायद शुरू की गई है।
इसके लिए अब एलओसी से सटे इलाकों को चुना गया है। यहां के किशोरों को एलओसी पार भेजकर हथियारों का प्रशिक्षण दिलाकर आतंकी गतिविधियों में शामिल कराने की साजिश बुनी गई है।
आतंकियों के माड्यूल और ओजीडब्ल्यू पर पैनी निगाह