भारतीय मूल के ब्रिटिश नागरिग क्रिस महाराज की अमेरिकी जेल के अस्पताल में मौत हो गई। वह फ्लोरिडा के जेल में 38 साल से बंद था। उसे उस अपराध के लिए दोषी ठहराया गया था, जो उसने किया ही नहीं। क्रिस को 1986 में डेरिक और डुआने मू यंग की हत्या के लिए दोषी ठहराया गया था। 2002 में उसकी मौत की सजा को आजीवन कारावास की सजा में बदल दिया गया। गिरफ्तारी से पहले तक क्रिस महाराज इंग्लैंड में एक बहुत अमीर व्यापारी था। क्रिस की पत्नी मारिता महाराज ने उसकी मौत पर दुख जताते हुए कहा, मैंने क्रिस से 1976 में वादा किया था कि हम मरते दम तक एक साथ रहेंगे। मारिता उसे दफनाने के लिए यूके लाना चाहती है।
पाकिस्तान: आतंकी हमले में सात सैनिक मारे गए, 11 घायल
अशांत खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में शुक्रवार को एक सुरक्षा चौकी पर तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान(टीटीपी) से जुड़े आतंकवादियों ने हमला किया। जिसमें सात पाकिस्तान सुरक्षाकर्मी मारे गए, जबकि 11 अन्य घायल हो गए। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
अधिकारियों ने बताया कि यह हमला अफगानिस्तान की सीमा से सटे शहर तिराही घाटी में हुआ। हाफिज गुल बहादर समूह ने सोशल मीडिया पर इस हमले की जिम्मेदारी ली है। इस समूह ने इस साल फरवरी में टीटीपी से जुड़े तारिक अफरीदी समूह के साथ गठबंधन किया था। उन्होंने बताया कि आतंकवादियों ने स्काउट्स चौकी पर कब्जा करने की कोशिश में यह हमला किया और बाद में आग लगा दी। उन्होंने बताया कि हमले में आतंकवादियों ने विस्फोटकों और ग्रेनेड का इस्तेमाल किया।
दो दिवसीय नेपाल दौरे पर जाएंगे विदेश सचिव विक्रम मिस्री
विदेश सचिव विक्रम मिस्री अपने नेपाल के समकक्ष सेवा लम्साल के निमंत्रण पर 11-12 अगस्त को दो दिवसीय दौरे पर हिमालयी राष्ट्र के दौरे पर रहेंगे। विदेश मंत्रालय ने कहा, विदश सचिव की आगामी यात्रा दोनों देशों के बीच नियमित उच्च स्तरीय आदान-प्रदान की परंपरा को जारी रखती है। यह भारत की अपनी पड़ोस पहले नीति के तहत नेपाल के साथ संबंधों की प्राथमिकता दर्शाती है।
मंत्रालय ने कहा, भारत और नेपाल के बीच सदियों पुराने सभ्यतागत और सांस्कृतिक संबंध हैं और लोगों का आपस में जुड़ाव है। हाल के वर्षों में उच्च स्तरीय आदान-प्रदान और नेपाल में प्रमुख बुनियादी ढांचे और कनेक्टिविटी परियोजनाओं को पूरा करने से दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय सहयोग और मजबूत हुआ है। भार सरकार की मदद से नए काम शुरू किए गए। विदेश सचिव की यह यात्रा हमारे द्विपक्षीय संबंधों को और आगे बढ़ाने का मौका होगी।
श्रीलंकाई नौसेना ने तमिलनाडु के 35 मछुआरों को गिरफ्तार किया, 4 नावें कीं जब्त
तमिलनाडु के रामनाथपुरम जिले के पंबन से 35 मछुआरों को श्रीलंकाई नौसेना ने श्रीलंकाई जलक्षेत्र में अवैध रूप से मछली पकड़ने के आरोप में गिरफ्तार किया है।
शुक्रवार को मत्स्य विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि श्रीलंकाई नौसेना ने मन्नार के दक्षिण में लंका के उत्तर-पश्चिमी समुद्र में मछुआरों को उस समय गिरफ्तार किया, जब वे श्रीलंकाई जलक्षेत्र में मछली पकड़ रहे थे। नौसेना ने उनकी चार नावें भी जब्त कीं। बाद में उन्हें आगे की कार्रवाई के लिए कल्पितिया मत्स्य अधिकारियों को सौंप दिया गया।
एआईएडीएमके ने की निंदा
गिरफ्तारी की निंदा करते हुए एआईएडीएमके महासचिव एडप्पादी के पलानीस्वामी ने दावा किया कि केंद्र सरकार मछुआरों की लगातार हो रही गिरफ्तारी के स्थायी समाधान को सुनिश्चित करने के लिए उचित कदम नहीं उठा रही है। उन्होंने इस मुद्दे पर केंद्र पर दबाव नहीं डालने के लिए डीएमके सरकार की आलोचना की।
त्योहारी सीजन से पूर्व भारत से 19,000 मीट्रिक टन चीनी आयात करेगा नेपाल
त्योहारी सीजन से पूर्व नेपाल ने शुक्रवार को भारत से 19,000 मीट्रिक टन (एमटी) चीनी आयात करने के प्रस्ताव मांगे है। विजयादशमी और दीपावली सहित आगामी त्योहारों को देखते हुए, उद्योग, वाणिज्य और आपूर्ति मंत्रालय ने एक नोटिस जारी कर भारत से 19,000 टन चीनी आयात करने में रुचि रखने वाली फर्मों से प्रस्ताव आमंत्रित किए हैं।
नोटिस के अनुसार, इच्छुक फर्म को पांच दिन के भीतर अपने प्रस्ताव देने होंगे। आयात परमिट देने के लिए प्रत्येक कंपनी के लिए न्यूनतम 2,600 टन का कोटा निर्धारित किया गया है। मंत्रालय ने कहा कि यदि आवेदन उपलब्ध कोटे से अधिक हुए, तो पहले प्रस्ताव देने वालों को प्राथमिकता दी जाएगी।
पाकिस्तान: बिलावल भुट्टो ने की शीर्ष अदालत के फैसले की आलोचना
पाकिस्तान के पूर्व विदेश मत्री बिलावल भुट्टो जरदारी ने शुक्रवार को पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की पीटीआई पार्टी के चुनाव चिह्न क्रिकेट बैट के बारे में लिए गए फैसले को लेकर शुक्रवार को शीर्ष अदालत की आलोचना की। खान अभी रावलपिंडी की अदियाला जेल में बंद हैं।
उच्चतम न्यायालय ने एक विवादास्पद फैसले में पाकिस्तान के चुनाव आयोग के उस फैसले को बरकरार रखा है, जिसमें आठ फरवरी को आम चुनाव से ठीक पहले पीटीआई से चुनाव चिह्न छीनने का आरोप लगाया गया था। चुनाव चिह्न इसलिए छीना गया था, क्योंकि पीटीआई कानूनों के अनुसार कथित तौर पर पार्टी के भीतर चुनाव कराने में विफल रही थी।
बिलावल ने नेशनल असेंबली में एक भाषण में सुझाव दिया कि फैसले ने पीटीआई को सहानुभूति वोट पर भरोसा करके समर्थन जुटाने में मदद की। उन्होंने कहा, इस फैसले ने एक मृत सियासी पार्टी को पुनर्जीवित कर दिया, जिसके बाद उसने लामबंद होना शुरू कर दिया। पीपीपी प्रमुख भुट्टो ने कहा कि इस फैसले के राजनीतिक निहितार्थ हैं।