नेपाल: रौतहट के बाद बीरगंज में अनिश्चितकालीन कर्फ्यू
नेपाल में परसा जिला प्रशासन कार्यालय ने सोमवार को बीरगंज में अनिश्चितकालीन कर्फ्यू लगाए जाने का आदेश जारी कर दिया। रौतहट घटना के बाद शुरू हुए विरोध प्रदर्शन के बाद महानगर में तनाव बढ़ने बाद प्रशासन ने यह कदम उठाया। रौतहट जिले के इशनाथ नगर पालिका-7 में दो गुटों के बीच हुई झड़प के मामले में सोमवार को शहर में प्रदर्शन हुए। बता दें कि रौतहट जिला प्रशासन कार्यालय ने शनिवार को देवी सरस्वती की मूर्ति के विसर्जन के दौरान हुई झड़प के बाद अनिश्चितकालीन कर्फ्यू आदेश लागू किया था।
गिलगित-बाल्टिस्तान के लोगों को नहीं मिल रही बिजली, सड़कों पर उतरे
पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर के गिलगित-बाल्टिस्तान में लोगों को बिजली नहीं मिल पा रही है, जिससे महिलाएं घरों में काम नहीं कर पा रहीं और उनके बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है। 22-22 घंटे कट लगने से परेशान लोग अब सड़कों पर उतर आए हैं। हाल ही में हुई एक रैली में प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कहा कि नौकरशाहों और वीआईपी लोगों को विशेष लाइनों के जरिये बिजली की आपूर्ति की जाती है, लेकिन आम लोगों के घरों में पाकिस्तान की सरकार ने अंधेरा कर रखा है। लोगों का कहना है कि अधिकारी उनके मुद्दों का हल करने की बजाय हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं।
नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी ने कहा कि सोमवार को अफगानिस्तान के फैजाबाद में 4.7 तीव्रता का भूकंप आया। भूकंप की गहराई 130 किमी मापी गई। आधी रात के ठीक बाद 12.10 बजे भूकंप के झटके महसूस किए गए।
अमेरिका ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) के एक मसौदा प्रस्ताव में हमास के खिलाफ इस्राइल के युद्ध में अस्थायी युद्धविराम और राफा में इस्राइली जमीनी घुसपैठ के खिलाफ चेतावनी देने का आह्वान किया है। सीएनएन की खबर के मुताबिक इस्राइल राफा में विशेष रूप से जमीनी अभियान चलाने की योजना बना रहा है। हिंसक संघर्ष के दौरान सैकड़ों हजारों विस्थापित फलस्तीनी राफा से भागने पर मजबूर हुए हैं। अमेरिकी मसौदा तत्काल युद्धविराम की मांग करने वाले अल्जीरियाई मसौदा प्रस्ताव को वीटो करने के बाद आया है। सुरक्षा परिषद में मंगलवार सुबह अल्जीरियाई मसौदे पर मतदान होगा।
रूस में विपक्षी नेता नवलनी की मौत सुर्खियों में बनी हुई है। ताजा घटनाक्रम में नवलनी की पत्नी नवलन्या ने पुतिन पर नोविचोक से अपने पति की हत्या का आरोप लगाया है। उन्होंने 'स्वतंत्र रूस' के लिए लड़ने की शपथ भी ली है।नवलन्या ने रूसी अधिकारियों पर नवलनी के शव को छिपाने का भी आरोप लगाया ताकि उनके शरीर से 'नोविचोक' नर्व एजेंट के निशान गायब हो जाएं।