ब्रिटेन में आधिकारिक आंकड़े के मुताबिक खाद्य वस्तुओं और मोटर ईंधन के दामों में बढ़ोतरी के चलते महंगाई लगभग तीन सालों के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय ने बुधवार को कहा कि मुद्रास्फीति की वार्षिक दर जून में बढ़कर 2.5 फीसदी हो गई, जो इससे पिछले महीने 2.1 फीसदी थी। जून की दर अगस्त, 2018 के बाद सबसे अधिक है, जब मुद्रास्फीति 2.7 फीसदी हो गई थी।
मुद्रास्फीति की दर बैंक ऑफ इंग्लैंड के दो फीसदी के लक्ष्य से काफी अधिक है, जिसके बाद अनुमान जताया जा रहा है कि ब्रिटेन का केंद्रीय बैंक अर्थव्यवस्था में कीमतों के दबाव को कम करने के लिए जल्द कोई कदम उठा सकता है। कोरोना वायरस महामारी के प्रकोप से उबरने के बाद दुनिया के कई देश मुद्रास्फीति में तेजी से बढ़ोतरी का अनुभव कर रहे हैं। अमेरिका में मंगलवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार वहां वार्षिक मुद्रास्फीति दर 13 साल के उच्च स्तर 5.4 फीसदी पर पहुंच गई है।