पाकिस्तान में अल्पसंख्यक हजारा समुदाय का समर्थन करने वाली एक शीर्ष महिला वकील और मानवाधिकार कार्यकर्ता को सोमवार को यहां यूके जाने के लिए उड़ान भरने से रोक दिया। एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार हवाई अड्डे के आव्रजन अधिकारियों ने उसे ‘देश विरोधी गतिविधियों’ का हवाला देते हुए हिरासत में लिया गया था।
डॉन न्यूज ने बताया कि पिछले वर्ष बीबीसी द्वारा दुनिया की 100 सबसे प्रेरणादायक और प्रभावशाली महिलाओं में शामिल जलिला हैदर को हवाई अड्डे के अधिकारियों ने ससेक्स यूनिवर्सिटी द्वारा नारीवाद पर आयोजित एक सम्मेलन में भाग लेने के लिए ब्रिटेन जाने वाले एक विमान में चढ़ने से रोक दिया।
विमान में चढ़ने से रोके जाने का कारण पूछने पर उन्हें बताया गया कि हैदर का नाम नाम देश विरोधी गतिविधियों के कारण नो-फ्लाई लिस्ट में शामिल है। हैदर ने बताया कि उन्हें हवाई अड्डे पर सात घंटे तक संघीय जांच एजेंसी (एफआईए) की हिरासत में रखा गया, जिसके बाद अधिकारियों ने उनका पासपोर्ट वापस करते हुए उन्हें ब्रिटेन जाने के लिए दूसरे विमान से जाने की अनुमति दी। उन्होंने बताया कि वह किसी भी ‘देश विरोधी गतिविधियों’ में शामिल नहीं थीं।