पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ
- फोटो : Facebook : @ShehbazSharif
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने बुधवार को राष्ट्रीय सुरक्षा समिति (एनएससी) की एक बैठक बुलाई है। जिसमें प्रधानमंत्री कार्यालय से ऑडियो लीक मामले पर भी चर्चा की जाएगी। पिछले सप्ताह सोशल मीडिया पर उच्च सरकारी अधिकारियों के साथ प्रधान मंत्री की गोपनीय बातचीत की कई ऑडियो रिकॉर्डिंग सामने आईं। जिसको लेकर देश के सर्वोच्च कार्यालय की सुरक्षा पर सवाल उठे थे।
खुफिया एजेंसियों को सौंपी गई जांच
खुफिया एजेंसियों को ऑडियो लीक की जांच सौंपी गई है। इंटेलीजेंस ब्यूरो भी इस मामले की जांच कर रही है। अधिकारियों ने कहा कि शीर्ष खुफिया एजेंसियों द्वारा एक प्रारंभिक रिपोर्ट तैयार की गई है जिसे सुरक्षा मामलों पर सर्वोच्च नागरिक-सैन्य निकाय एनएससी के समक्ष रखा जाएगा। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, एक आधिकारिक बयान में एनएससी की बैठक बुधवार को पीएम हाउस में होगी। इसमें रक्षा मंत्री, गृह मंत्री, सूचना मंत्री, वित्त मंत्री और अन्य महत्वपूर्ण कैबिनेट सदस्यों सहित शीर्ष सैन्य और नागरिक नेतृत्व बैठक में भाग लेंगे।
इमरान खान ने मांगा इस्तीफा
हाल ही में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को मंत्रिमंडल के सदस्यों एवं सरकारी अधिकारियों से जुड़े ऑडियो के लीक होने के बाद इस्तीफा मांगा था। उन्होंने गवर्नमेंट कॉलेज यूनिवर्सिटी में अपने संबोधन के दौरान ये मांग की। उन्होंने कहा कि 'लीक ऑडियो में शहबाज अपनी भतीजी मरियम नवाज के पति राहिल मुनीर के लिए भारत से कोई मशीनरी मंगाने के बारे में बात कर रहे हैं। यदि शहबाज में जरा भी शर्म बची है तो उन्हें तत्काल इस्तीफा दे देना चाहिए, नहीं तो हम तो उन्हें घर भेज ही देंगे।'
लीक ऑडियो में क्या है?
सोशल मीडिया पर दो ऑडियो लीक हुए हैं। पहले ऑडियो में प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ सत्तारूढ़ पीएमएल-एन की उपाध्यक्ष और अपनी भतीजी मरियम नवाज के बारे में चर्चा करते सुनाई दिए थे। इसमें वे अपने दामाद के लिए भारत से बिजली संयंत्र आयात करने के लिए कह रहे थे।
दूसरे ऑडियो में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ, राष्ट्रीय असेंबली के स्पीकर सरदार अयाज सादिक, केंद्रीय गृह मंत्री राना सनाउल्ला, केंद्रीय रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ, केंद्रीय कानून मंत्री आजम नजीर तारड़ और केंद्रीय योजना मंत्री अहसन इकबाल की आवाज होने का दावा किया जा रहा है। ये सभी प्रधानमंत्री आवास में कोई बैठक कर रहे थे। इसमें इमरान खान की पार्टी यानी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ के इस्तीफों पर बात की जा रही है। वे इस्तीफों को स्वीकार करने की लंदन (नवाज शरीफ) की अनुमति के बारे में भी बात कर रहे हैं।