पाकिस्तान सुप्रीम कोर्ट ने बहुचर्चित ईश निंदा मामले में आरोपी ईसाई महिला आशिया बीबी (47) को मौत की सजा रद्द कर बरी किए जाने के खिलाफ दायर समीक्षा याचिका खारिज कर दी है। यह फैसला मुख्य न्यायाधीश आसिफ सईद खोसा की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यों की बेंच ने मंगलवार को दिया है।
आशिया बीबी पर वर्ष 2009 में ईश निंदा का आरोप लगा था। उसे वर्ष 2010 में निचली अदालत द्वारा मौत की सजा सुनाई गई थी। बीबी ने इस फैसले को लाहौर हाईकोर्ट में चुनौती दी थी लेकिन सजा बरकरार रही। सुप्रीम कोर्ट ने अक्टूबर 2018 में उसे बरी कर दिया था।
इसके बाद पाकिस्तान में कई जगह हिंसक प्रदर्शन हुए थे और बीबी को जान से मारने की धमकियां मिली थीं। सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ नवंबर 2018 में समीक्षा याचिका दाखिल की गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने इस पर मंगलवार को सुनवाई करना तय किया था।