रामायण में वानर सेना द्वारा समुद्र पर तैरने वाले पुल बनाए जाने की बात का उल्लेख है। नॉर्वे की सरकार आधुनिक युग में इसी घटना को दोहराने जा रही है। सरकार ने समुद्र के भीतर तैरने वाले सुरंग बनाने की योजना बनाई है। इस सुरंग के बनने से क्रिस्टियन सेंड और ट्रॉन्ढीम शहरों के बीच 21 घंटे का सफर कम हो जाएगा। दोनों शहरों के बीच 1100 किमी की दूरी कम होगी। योजना के मुताबिक सस्पेंशन ब्रिज और पीपे पर टिकने वाले पुल बनाए जाएंगे।
2.8 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का प्रोजेक्ट
समुद्र के अंदर इस सुरंग के निर्माण में 40 अरब डॉलर यानी लगभग 2.8 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा खर्च होंगे। यहां समुद्री तट काफी कटा-फटा सा स्थानीय भाषा में फियोर्ड्स कहा जाता है। इस वजह सेे सड़क बनाने में परेशानी के बाद समुद्र के अंदर सुरंग बनाने का फैसला हुआ। पिलर बनाने के लिए के 1286 फीट गहरी और 27 किमी लंबी खुदाई की जाएगी। यह सुरंग समुद्री तट से 30 मीटर नीचे होगा। इस सुरंग का निर्माण 30 साल में पूरा होगा। चीन, द. कोरिया और इटली में तैरने वाले सुरंग के निर्माण पर विचार चल रहा है, नॉर्वे अगर इस सुरंग के निर्माण में सफल होता है तो वह इन देशों से आगे निकल जाएगा।