डबलिन में मंगलवार को ग्लोबल आयरलैंड शिखर सम्मेलन के मौके पर आयरलैंड के उप प्रधानमंत्री माइकल मार्टिन ने मीडिया से इस्राइल-हमास के बीच जरी युद्ध पर बातचीत की। उन्होंने बताया कि हमास की निंदा करने में पूरा यूरोप एक साथ है, लेकिन इस्राइल द्वारा उठाया गया कोई भी कदम मानवीय कानून के मापदंडों के भीतर होनी चाहिए
आयरलैंड के डिप्टी पीएम ने की हमास की निंदा
माइकल मार्टिन आयरलैंड के डिप्टी पीएम होने के साथ-साथ विदेश मंत्री और रक्षी मंत्री भी है। उन्होंने कहा, 'मैं इस्राइल पर हमास के हमले की निंदा करता हूं। अपने लोगों की रक्षा करने का इस्राइल को पूरा अधिकार है।'
उन्होंने आगे कहा, 'युद्ध में आम लोगों की जान जाना सही नहीं है। मुद्दा यह है कि अब गाजा के लोगों की मौत के साथ जितनी क्षति हो चुकी है उससे ज्यादा क्षति अब न हो इसके लिए किस प्रणाली को अपनाया जाए।' उन्होंने कहा कि हमास नागरिकों को मानव ढाल की तरह इस्तेमाल कर रहा है। क्षेत्र में उनके कुछ समर्थक है, जो स्थिति को और समस्यात्मक बना रहे हैं।
विदेश मामलों के मंत्री के रूप में अपनी भूमिका में माइकल मार्टिन ने शिखर सम्मेलन में एशिया प्रशांत क्षेत्र के लिए देश की प्रतिबद्धता को नवीनीकृत किया है। भारत नवीनीकृत एशिया प्रशांत रणनीति का एक प्रमुख पहलू है। मुंबई में एक नए महावाणिज्य दूतावास का निर्माण किया जा रहा है।
पीएम मार्टिन ने कहा, 'हम भारत के अच्छे दोस्त हैं और सीमा विवादों के संदर्भ में बहुपक्षीय व्यवस्था को बढ़ाने के लिए काम करना जारी रखेंगे। हम यूक्रेन का समर्थन करते हैं। हमारा मानना है कि रूस ने यूएन चार्टर का उल्लंघन किया है। इसी के साथ हम अन्य देशों को भी कड़ा रुख अपनाने के लिए प्रोत्साहित करेंगे।'