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Pakistan: 'इमरान खान पर सैन्य अदालत में मुकदमा चलाने पर नहीं किया जा रहा विचार', सरकार का हाईकोर्ट में जवाब

Tue, 17 Sep 2024 05:34 PM IST
निर्मल कांत वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद।

सार

Pakistan: पाकिस्तान की शहबाज शरीफ सरकार ने इस्लामाबाद हाईकोर्ट को बताया है कि पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की सैन्य अदालत में सुनवाई पर कोई विचार नहीं किया जा रहा है। कोर्ट ने सरकार से स्पष्टीकरण मांगा था। 
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इस्लामाबाद हाईकोर्ट - फोटो : एएनआई (फाइल)
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पाकिस्तान की शहबाज शरीफ सरकार ने इस्लामाबाद हाईकोर्ट को बताया है कि पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान के खिलाफ सैन्य अदालत में मुकदमा चलाने पर कोई विचार नहीं किया जा रहा है। सरकार की ओर से जानकारी तब सामने आई है, जब कोर्ट ने इस मुद्दे की अनिश्चितता पर स्पष्टीकरण मांगा। 

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क्रिकेटर से राजनेता बने खान ने पिछले साल नौ मई को हुई हिंसा के मामले में सैन्य अदालत में सुनवाई के खिलाफ इस्लामाबाद हाईकोर्ट (आईएचसी) में याचिका दायर की थी। इस हिंसा में उनकी पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के समर्थकों ने उनकी गिरफ्तारी सैन्य प्रतिष्ठानों को निशाना बनाया था। 

पिछले हफ्ते आईएचसी ने सरकार से इस मुद्दे पर स्पष्टता मांगी थी। सोमवार को अतरिक्त अटॉर्नी जनरल (एएजी) मुनव्वर इकबाल दुग्गल ने कोर्ट में सरकार का बयान पेश किया। दुग्गल ने कहा कि सरकार का इमरान खान की सैन्य अदालत में सुनवाई का कोई विचार नहीं है। 
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जज ने एएजी और रक्षा मंत्रालय के अधिकारी, सेवानिवृत्त ब्रिगेडियर फलक नाज से पूछा कि एक नागरिक को सैन्य अदालत में कैसे पेश किया जाता है। नाज ने बताया कि कोर्ट मार्शल की प्रक्रिया शुरू करने से पहले संबंधित मजिस्ट्रेट को सूचित किया जाता है और पाकिस्तान सेना अधिनियम के तहत कुछ अपराधो के लिए एक नागरिक को सैन्य अदालत में पेश किया जा सकता है। 

जज ने यह भी पूछा कि क्या सैन्य अधिकारियों ने आरोपित को कोर्ट मार्शल की प्रक्रिया से पहले नोटिस दिया था। उन्होंने कहा कि अगर कोर्ट को आश्वस्त किया जाए कि खान को उनकी सुनवाई से पहले नोटिस मिलेगा, तो याचिका पर फैसला लिया जा सकता है। 



दुग्गल ने कहा कि अब तक रक्षा मंत्रालय से सैन्य अदालत में इमरान खान की सुनवाई के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली है। उन्होंने बताया कि अगर सैन्य अधिकारी उनकी सुनवाई की मांग करते हैं, तो पूर्व प्रधानमंत्री को कानूनी प्रक्रिया से निपटाया जाएगा। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि इस मामले पर अभी तक कोई फैसला नहीं लिया गया है।

कोर्ट ने खान के वकील उजैर भंडारी से पूछा कि क्या याचिका जल्दबाजी में दायर की गई है, क्योंकि रक्षा मंत्रालय ने अभी तक कोई फैसला नहीं लिया है। भंडारी ने कहा कि सरकार के कानूनी मामलों के प्रवक्ता अकिल मलिक ने रिकॉर्ड पर कहा था कि पूर्व प्रधानमंत्री के खिलाफ सैन्य अदालत में मुकदमा चलेगा। 

कोर्ट ने फिर सरकार से एक स्पष्ट जवाब मांगा और सुनवाई को 24 सितंबर तक के लिए स्थगित कर दिया। इमरान खान पिछले साल अगस्त से रावलपिंडी की अदियाला जेल में बंद हैं। सत्ता से हटने के बाद से उन पर 200 मामले दर्ज किए गए हैं। खान की सैन्य अदालत में सुनवाई के बारे में अंतिम पुष्टि सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर निर्भर करेगी। 

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