पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान।
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पाकिस्तान में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान पर सरेआम गोली चलना चौंकाने वाली घटना नहीं लगती, क्योंकि पड़ोसी देश में राजनीतिक हत्याओं का इतिहास उतना ही पुराना है, जितना पुराना पाकिस्तान खुद है। इमरान खान से पहले पाकिस्तान के पहले प्रधानमंत्री लियाकत अली खान और पहली महिला प्रधानमंत्री बेनजीर भुट्टो तक को गोलियों से भूना जा चुका है। पाकिस्तान के वजूद में आने के बाद लियाकत अली खान पहले प्रधानमंत्री बने।
16 अक्तूबर, 1951 को वह रावलपिंडी के कंपनी बाग में इमरान की तरह ही एक रैली को संबोधित कर रहे थे, तभी भीड़ में से निकले एक शख्स ने उनके सीने पर दो गोलियां मारीं। उनकी हत्या से पाकिस्तान में प्रधानमंत्रियों को जबरन रास्ते से हटाने की रवायत सी शुरू हो गई। फिर चाहे हुसैन शहीद सुहरावर्दी हों या जुल्फिकार अली भुट्टो। वहीं, 27 दिसंबर, 2007 को बेनजीर भुट्टो की एक चुनावी सभा के दौरान गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
20 से 30 साल का है हमलावर
पाकिस्तान के जियो टीवी ने बताया कि इमरान खान पर हमला करने वाले नावेद के पिता का नाम बशीर है। हमलावर की उम्र 20 से 30 साल के बीच है। घटना के बाद वायरल वीडियो फुटेज में पीटीआई का एक कार्यकर्ता उसकी बंदूक छीनने की कोशिश करता दिख रहा है।
पूर्व पीएम की हत्या के प्रयास की कड़ी निंदा करता हूं। मैंने अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी है। उनके और सभी घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं।
- आरिफ अल्वी, राष्ट्रपति, पाक
वजीराबाद में हो रही घटनाओं से व्यथित हूं। इमरान खान और वहां मौजूद सभी लोगों के साथ हमारी दुआएं। हमें एक देश के रूप में एक साथ आना चाहिए। किसी को हमारी राष्ट्रीय एकता को विकृत नहीं करने देना चाहिए।
- वसीम अकरम, पूर्व क्रिकेटर