लगभग छह दशकों बाद पहली बार सीरिया के राष्ट्रपति अहमद अल-शरा ने संयुक्त राष्ट्र महासभा को संबोधित किया। यह किसी भी सीरियाई राष्ट्रपति का लगभग 60 वर्षों में पहला भाषण था।
राष्ट्रपति अल-शरा ने बुधवार (स्थानीय समयानुसार) को कहा कि सीरिया अब अंतरराष्ट्रीय समुदाय में लौट रहा है, उस तानाशाही के बाद जिसने पिछले छह दशकों में 10 लाख लोगों की जान ली और लाखों को यातनाएं दीं। उन्होंने महासभा के विश्व नेताओं की वार्षिक सभा में कहा, 'सीरिया दुनिया के देशों के बीच अपना उचित स्थान पुनः हासिल कर रहा है।'
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अल-शरा से पहले 1967 में अत्तासी ने संयुक्त राष्ट्र में दिया था भाषण
अल-शरा, अरब-इस्राइल युद्ध के तुरंत बाद 1967 में नूरेद्दीन अत्तासी द्वारा दिए गए भाषण के बाद संयुक्त राष्ट्र में बोलने वाले पहले सीरियाई राष्ट्राध्यक्ष बने। उस युद्ध के दौरान दमिश्क ने गोलान हाइट्स पर नियंत्रण खो दिया था, जिसे बाद में 1981 में इस्राइल ने अपने अधीन कर लिया था।
असद के पतन के साथ समाप्त हुआ गृह युद्ध
सीरिया में असद परिवार का निरंकुश, दमनकारी 50 साल का शासन दिसंबर में अचानक ढह गया, जब तत्कालीन राष्ट्रपति बशर अल-शरा के नेतृत्व में एक तेज विद्रोही हमले में उन्हें सत्ता से बेदखल कर दिया गया। असद के पतन के साथ ही लगभग 14 साल पुराना गृह युद्ध समाप्त हो गया।
अल-शरा ने इस्राइल पर साधा निशाना
अपने भाषण में अल-शरा ने इस्राइल पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि असद के पतन के बाद भी इस्राइल ने सीरिया के खिलाफ धमकियां देना बंद नहीं किया। उन्होंने आगे कहा कि उसकी नीतियां अंतरराष्ट्रीय समुदाय और सीरियाई जनता के समर्थन के विपरीत हैं, जिससे पूरा क्षेत्र खतरे में पड़ सकता है और ऐसे संघर्ष शुरू हो सकते हैं जिनका कोई अंत नहीं होगा।
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सीरिया-इस्राइल के बीच सुरक्षा समझौते पर बातचीत जारी
उन्होंने यह भी कहा कि दोनों देशों के बीच सुरक्षा समझौते पर बातचीत जारी है, जिससे 1974 के युद्धविराम समझौते की वापसी और इस्राइली सेनाओं की वापसी संभव हो सकती है। हालांकि, जहां अल-शरा ने पिछले हफ्ते उम्मीद जताई थी कि समझौता कुछ ही दिनों में हो सकता है, वहीं इस्राइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने रविवार को इसे लेकर ज्यादा उम्मीदें न जताते हुए संकेत दिया कि जल्द कोई बड़ी प्रगति मुश्किल है।