पाकिस्तान में तालिबान चरमपंथियों के हमले में घायल हुई 15 वर्षीय स्कूली छात्रा मलाला यूसुफजई के सिर के क्षतिग्रस्त हिस्से को दुरुस्त करने के लिए एक बार फिर सर्जरी की जाएगी।
ब्रिटेन के बर्मिंघम स्थित क्वीन एलिजाबेथ अस्पताल ने बताया कि मलाला की सर्जरी अगले दस दिन में की जाएगी। इसे दो चरणों में पूरा किया जाएगा। पहले चरण में उसके सिर में धातु की एक विशेष प्लेट डाली जाएगी।
दूसरे चरण में मलाला के कान में एक छोटा इलेक्ट्रॉनिक उपकरण फिट किया जाएगा जिससे उसको सुनने में मदद मिलेगी। मलाला को तालिबान चरमपंथियों ने गत अक्टूबर में बेहद करीब से गोली मार ली थी।
करीब से गोली लगने से मलाला के बाएं कान की सुनने की ताकत खत्म हो गई थी। उसे इलाज के लिए क्वीन एलिजाबेथ अस्पताल में भर्ती कराया गया था और इसी महीने की शुरुआत में छुट्टी दे दी गई थी।
टाइटेनियम की प्लेट
क्वीन एलिजाबेथ अस्पताल के कृत्रिम अंग विशेषज्ञ स्टीफन एडमंडसन ने मलाला के सिर के क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत के लिए की जाने वाली सर्जरी के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि खोपड़ी के क्षतिग्रस्त हिस्से के रूप में टाइटेनियम की प्लेट का इस्तेमाल किया जा सकता है।
क्वीन एलिजाबेथ अस्पताल के मेडिकल डायरेक्टर डॉ। डेव रोजर ने कहा कि उसकी हालत में तेजी से सुधार हुआ है जो उसकी दृढ़ इच्छाशक्ति और संकल्प को दिखाता है। इसमें कोई दो राय नहीं है कि अगर पाकिस्तान में उसकी सर्जरी नहीं हुई होती तो उसका बचना मुश्किल था।
पेट में रखी है सिर की हड्डी
उन्होंने बताया कि मलाला की सर्जरी दो चरणों में पूरी होगी और हर चरण को पूरा होने में डेढ़ घंटे का समय लग सकता है। मलाला को पूरी तरह ठीक होने में 15 से 18 महीने लगेंगे।
डॉ. रोजर ने साथ ही बताया कि पाकिस्तान में डॉक्टरों ने मलाला की खोपड़ी के क्षतिग्रस्त हुए हिस्से को उसके पेट में रख दिया था ताकि उसे जीवंत रखा जा सके।
हालांकि ब्रिटिश डॉक्टरों ने मलाला की खोपड़ी की मरम्मत के लिए धातु की प्लेट का इस्तेमाल करने का विकल्प चुना है क्योंकि उनका मानना है कि पेट में रखी हड्डी अब सिकुड़ गई होगी। संभावना है कि अब उसे निकालकर नष्ट कर दिया जाएगा।